बेतिया राज. राजस्व पर्षद के अपर सदस्य के दो दिवसीय दौरे को लेकर मचा हड़कंप
बेतिया : बिहार राज्य राजस्व पर्षद के अपर सदस्य केके पाठक की जिले में सोमवार से शुरू हो रहे दौरे को लेकर बेतिया राज में हड़कंप मची हुई है. कार्यालयों में साफ-सफाई जाेरों पर है. धूल और मकड़ी के जालों की सफाई की जा रही है. रंग-रोगन भी कराया जा रहा है. कर्मचारी अभिलेखों को दुरुस्त करने में जुटे हैं,
तो वहीं मजदूरी पर बुलाये गये मजदूरों से राजडयोढ़ी में उग आयी घासों एवं कचरों को हटवाया जा रहा है. इतना ही नहीं राजकचहरी में चल रही फायरबिग्रेड समेत आधा दर्जन सरकारी दफ्तरों को भी खाली करने का आदेश जारी कर दिया गया है.
अपने दो दिवसीय दौरे पर बेतिया आ रहे श्री पाठक यहां बेतियाराज के कार्यालय व परिसंपत्तियों का निरीक्षण करेंगे. इसके अलावे अतिक्रमण, लंबित वादों एवं अन्य मामलों की समीक्षा भी करेंगे. लिहाजा कार्यालय के कर्मी संचिकाओं एवं अभिलेखों को दुरुस्त करने में जुटे हुए है. बेतिया राज कार्यालय में अतिरिक्त कर्मचारियों की सेवा लेकर साफ सफाई लंबे अरसे से संचिकाओं पर पड़े धूलों को साफ कराया जा रहा है. राज कचहरी परिसर में संचालित हो रहे टेंपो स्टैंड को भी अस्थायी तौर पर दूसरे जगह चलाया जा रहा है. राज प्रबंधक स्वंय कार्यों की निगरानी कर रहे है कि कहीं कोई चूक नहीं रह जाय. अपने सख्त तेवर के लिए प्रसिद्ध श्री पाठक के आगमन को लेकर प्राय: सभी लोग सशंकित है. उनके आगमन के अवसर पर कहीं से कोई गलती नहीं हो जाय इसका ध्यान रखा जा रहा है. बहरहाल, बेतिया राज में व्याप्त अनियमितताओं को लेकर भी कई संगठन अपर सदस्य से मुलाकात करने की तैयारी में जुटा हुआ है. वहीं बेतिया राज के अतिक्रमणकारियों के बीच भी हड़कंप मचा हुआ है.
इन दफ्तरों को कराया गया खाली : बेतिया राज के राज कचहरी के भवन में चल रहे राज्य खाद्य निगम के जिला प्रबंधक, अग्निशमन कार्यालय, दूरदर्शन रिले केंद्र, अपर मुख्य चिकित्सा पदाधिकारी कार्यालय, प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र बेतिया का कार्यालय, जिला पुर्नवास पदाधिकारी काकार्यालय के अलावे अन्य कई कार्यालयों का संचालन भी होता है. बेतिया राज प्रबंधक ने इन सभी कार्यालय प्रधानों को राज कचहरी भवन को खाली करने का नोटिस भी जारी किया गया है.
इन मुद्दों पर हो समीक्षा, तो खुल सकती है कलई
मुद्दा एक – अतिक्रमण : बेतिया राज में अतिक्रमण सबसे बड़ा मुद्दा है. राज की सैकड़ों एकड़ भूमि पर अवैध रूप से कब्जा है. कई कालोनियां बन चुकी हैं. बड़ी-बड़ी इमारतें भी खड़ी की जा चुकी है. जमीनों पर अतिक्रमण करनेवालों में
कई सरकारी सेवक भी शामिल हैं.
मुद्दा दो – बेतिया राज में चोरी : बेतिया राज में चोरी की घटनाएं प्राय: होती रहती हैं. राज की कई संपत्तियां चोरी की जा चुकी हैं. इसके बाद भी इसकी सुरक्षा को लेकर लापरवाही बरती जाती है.
मुद्दा तीन- टैक्स वसूली में धांधली : बेतिया राज के कार्यालय में अभिलेखों से छेड़छाड़, लीज में हेरफेर व टैक्स वसूली में धांधली चरम पर है. इसको लेकर आये दिन हंगामे की नौबत आती है. टेंडर प्रक्रिया पर भी सवाल उठते रहे हैं.
पहली बार जिले में आ रहे अपर सदस्य बेतिया राज के कार्यालय और परिसंपत्तियों का करेंगे निरीक्षण
कार्यकलापों की भी होगी समीक्षा
साफ-सफाई को लेकर बेतिया राज के प्रबंधक खुद कर रहे निरीक्षण
राजकचहरी में चल रहे फायर ब्रिगेड समेत कई सरकारी दफ्तरों को कराया गया खाली
