बिहार के बक्सर में राशन कार्ड वालों पर बड़ा एक्शन, एक ही अनुमंडल में 12 हजार से ज्यादा कार्ड होंगे रद्द

Bihar Ration Card: बक्सर में राशन कार्ड को लेकर बड़ा एक्शन शुरू होने जा रहा है. एक ही अनुमंडल में 12 हजार से ज्यादा संदिग्ध राशन कार्ड चिन्हित किए गए हैं. जिन्हें रद्द करने की प्रक्रिया तेज कर दी गई है.

Bihar Ration Card: बिहार के बक्सर जिले में राशन कार्ड को लेकर बड़ी कार्रवाई की तैयारी शुरू हो गई है. एक-दो या सौ नहीं, बल्कि पूरे 12 हजार से ज्यादा राशन कार्ड कैंसिल किए जाएंगे. हैरानी की बात यह है कि यह आंकड़ा जिले के सिर्फ एक अनुमंडल का है. ऐसे में पूरे जिले का आंकड़ा इससे कहीं ज्यादा होने की आशंका है.

अनुमंडल क्षेत्र के सात प्रखंडों को मिलाकर 12 हजार से अधिक अपात्र राशन कार्ड धारकों को चिन्हित किया गया है. इन सभी कार्डों को रद्द करने की प्रक्रिया शुरू कर दी गई है. यह कार्रवाई खाद्य एवं सार्वजनिक वितरण विभाग, पटना की ओर से उपलब्ध कराए गए संदिग्ध फेज-2 राशन कार्ड डाटा के आधार पर की जा रही है.

सभी अधिकारियों को दिया गया सख्त निर्देश

विभागीय पोर्टल पर जैसे ही यह डाटा लॉगिन के जरिए उपलब्ध कराया गया, वैसे ही अनुमंडल प्रशासन हरकत में आ गया. इतने बड़े पैमाने पर संदिग्ध राशन कार्ड सामने आने से प्रशासन के भी कान खड़े हो गए हैं.

इस मामले को गंभीरता से लेते हुए अनुमंडल पदाधिकारी राकेश कुमार ने सभी प्रखंड आपूर्ति पदाधिकारियों को सख्त निर्देश दिए हैं. उन्हें अपने-अपने क्षेत्र में राशन कार्ड की पात्रता और अपात्रता की जांच करने को कहा गया है. साथ ही जल्द से जल्द जांच प्रतिवेदन उपलब्ध कराने का निर्देश दिया गया है.

इस प्रखंड में पाए गए सबसे ज्यादा संदिग्ध कार्ड

जारी आंकड़ों के मुताबिक सबसे ज्यादा संदिग्ध राशन कार्ड सिमरी प्रखंड में पाए गए हैं. यहां 3862 राशन कार्ड संदेह के घेरे में हैं. इसके अलावा डुमरांव नगर में 337, डुमरांव प्रखंड में 2200, चौंगाई में 630, ब्रह्मपुर में 2611, केसठ में 470, नावानगर में 1807 और चक्की प्रखंड में 408 राशन कार्ड को संदिग्ध बताया गया है.

क्या करें तो नहीं कटेगा नाम?

विभागीय सूत्रों के अनुसार, अपात्र और संदिग्ध राशन कार्ड धारकों को जन वितरण प्रणाली के दुकानदारों के माध्यम से सूचना दी जा रही है. ताकि समय रहते लोग अपना पक्ष रख सकें. जो राशन कार्ड धारक संदिग्ध रूप से अपात्र चिह्नित किए गए हैं, उन्हें घबराने की जरूरत नहीं है. यदि वे पात्र हैं, तो वे प्रखंड आपूर्ति पदाधिकारी या आपूर्ति निरीक्षक के पास अपनी बात रख सकते हैं.

प्रशासन का कहना है कि जांच पूरी होने के बाद अयोग्य पाए जाने वाले राशन कार्डों को रद्द कर दिया जाएगा. वहीं पात्र लोगों के कार्ड सुरक्षित रहेंगे. इस कार्रवाई से सिस्टम को दुरुस्त करने और जरूरतमंदों तक सही लाभ पहुंचाने की तैयारी की जा रही है.

Also Read: न्याय से समृद्धि तक… 20 साल में 16 यात्राएं, क्या नीतीश कुमार का यही फॉर्मूला बिहार को बना देगा विकसित राज्य?

प्रभात खबर डिजिटल प्रीमियम स्टोरी

लेखक के बारे में

Published by: Abhinandan Pandey

अभिनंदन पांडेय पिछले दो वर्षों से डिजिटल मीडिया और पत्रकारिता के क्षेत्र में सक्रिय हैं. उन्होंने अपने करियर की शुरुआत प्रिंट मीडिया से की और दैनिक जागरण, भोपाल में काम किया. वर्तमान में वह प्रभात खबर डिजिटल बिहार टीम के हिस्सा हैं. राजनीति, खेल और किस्से-कहानियों में उनकी खास रुचि है. आसान भाषा में खबरों को लोगों तक पहुंचाना और ट्रेंडिंग मुद्दों को समझना उन्हें पसंद है. अभिनंदन ने पत्रकारिता की पढ़ाई माखनलाल चतुर्वेदी राष्ट्रीय पत्रकारिता एवं संचार विश्वविद्यालय, भोपाल से की. पढ़ाई के दौरान ही उन्होंने पत्रकारिता की बारीकियों को समझना शुरू कर दिया था. खबरों को सही तरीके से लोगों तक पहुंचाने की सोच ने उन्हें इस क्षेत्र की ओर आकर्षित किया. दैनिक जागरण में रिपोर्टिंग के दौरान उन्होंने भोपाल में बॉलीवुड के कई बड़े कलाकारों और चर्चित हस्तियों के इंटरव्यू किए. यह अनुभव उनके करियर के लिए काफी अहम रहा. इसके बाद उन्होंने प्रभात खबर डिजिटल में इंटर्नशिप की, जहां उन्होंने डिजिटल पत्रकारिता की वास्तविक दुनिया को करीब से समझा. बहुत कम समय में उन्होंने रियल टाइम न्यूज लिखना शुरू कर दिया. इस दौरान उन्होंने सीखा कि तेजी के साथ-साथ खबर की सटीकता भी बेहद जरूरी होती है. फिलहाल वह प्रभात खबर डिजिटल बिहार टीम के साथ काम कर रहे हैं. बिहार विधानसभा चुनाव के दौरान उन्होंने कई बड़ी खबरों को रियल टाइम में कवर किया, ग्राउंड रिपोर्टिंग की और वीडियो कंटेंट भी तैयार किए. उनकी कोशिश हमेशा यही रहती है कि पाठकों और दर्शकों तक सबसे पहले, सही और भरोसेमंद खबर पहुंचे. पत्रकारिता में उनका लक्ष्य लगातार सीखते रहना, खुद को बेहतर बनाना और एक विश्वसनीय पत्रकार के रूप में अपनी पहचान मजबूत करना है.

Read More

संबंधित खबरें >

यह भी पढ़ें >