शहर में चार स्थानों पर बनेंगे वाच टावर, रहेगी नजर
बक्सर : छठ पर्व को लेकर बक्सर में लाखों की तादाद में व्रतियों की भीड़ उमड़ती है. लोगों की सुरक्षा के लिए प्रशासन पूरी तरह से तैयारी में है. घाटों पर असामाजिक तत्वों पर नजर रखने के लिए चार वाच टावर बनाये जायेंगे. बक्सर के सुमेश्वर स्थान घाट, नाथ बाबा घाट, रामरेखा घाट व रानी […]
बक्सर : छठ पर्व को लेकर बक्सर में लाखों की तादाद में व्रतियों की भीड़ उमड़ती है. लोगों की सुरक्षा के लिए प्रशासन पूरी तरह से तैयारी में है. घाटों पर असामाजिक तत्वों पर नजर रखने के लिए चार वाच टावर बनाये जायेंगे. बक्सर के सुमेश्वर स्थान घाट, नाथ बाबा घाट, रामरेखा घाट व रानी सती घाट पर वाच टावर का निर्माण कराया जायेगा.
इसके अलावा प्रमुख घाटों पर सीसीटीवी कैमरे भी लगाये जायेंगे. जिन स्थानों पर कैमरे नहीं लग सकता. वहां पर वीडियोग्राफी कराई जायेगी. विधि-व्यवस्था की जिम्मेदारी एसडीओ और एसडीपीओ को दी गयी है. साथ ही, महापर्व को लेकर मजिस्ट्रेट, पुलिस अधिकारियों समेत पुलिस के जवानों की भी तैनाती होगी. वहीं, सुरक्षा की दृष्टि से जोनल, क्यूआरटी व स्टैटिक टीम की प्रतिनियुक्ति की गयी है. घाटों की सुरक्षा व सफाई को लेकर गुरुवार को प्रशासनिक अधिकारियों व जनप्रतिनिधियों ने ने दौरा किया.
घाटों पर शिल्ड देख बिफरे सांसद : गुरुवार को सांसद अश्विनी कुमार चौबे ने जिलाध्यक्ष राणा प्रताप सिंह के साथ छठ घाटों का दौरा किया. मौके पर विवाह मंडप में अब तक जमे शिल्ड को नहीं हटाने को लेकर अधिकारियों को फटकार लगायी. सांसद ने प्रशासन को निर्देश दिया कि घाटों पर अर्घ के पूर्व पूरी तरह से सफाई की जानी चाहिये. किसी भी स्थिति में व्रतियों को परेशानी न हो. यदि कहीं भी किसी प्रकार की अनियमितता पायी गयी, तो संबंधित अधिकारी नपेंगे. मौके पर सचिता भगत, बलराम पांडेय, ओमप्रकाश भुवन, नंनजी सिंह आदि लोग मौजूद थे.
घाटों के कटाव से सहमे हैं लोग :
जहां एक ओर लोग छठ पर्व की तैयारियों में लगे हुए हैं. वहीं, मिश्रवलिया और केशोपुर में कटाव शुरू होने से लोगों में डर समा गया है. मिश्रवलिया में कटाव के कारण गंगा नदी के किनारे तीन फुट की दूरी पर पानी 20 फुट गहरा हो चुका है.
दूसरी ओर केशोपुर पंचायत में गंगा कटाव निरोधक कार्य के बावजूद कटाव जारी है. बक्सर-कोइलवर तटबंध की दूरी गंगा से महज दो सौ गज रह गयी है. इससे गंगा किनारे बसे लोगों में दहशत व्याप्त है. हालांकि, प्रशासन इस मामले पर चुप्पी साधे हुये है.