अब ऑन डिमांड मिलेगी खाद

सख्ती. डीएओ ने कहा, कालाबाजारी रोकने के लिए 9431818799 पर करें फोन लाइसेंसी उर्वरक विक्रेता बोर्ड पर प्रदर्शित करेंगे दैनिक स्टॉक बक्सर : जिला कृषि कार्यालय किसानों के मंसूबे पर खरा उतरने के लिये किसी भी स्तर पर चूक नहीं होने देगा. जिले में वर्तमान महीने में 277.2 मिलीमीटर सामान्य वर्षापात के मुकाबले 292.66 मिलीमीटर […]

सख्ती. डीएओ ने कहा, कालाबाजारी रोकने के लिए 9431818799 पर करें फोन

लाइसेंसी उर्वरक विक्रेता बोर्ड पर प्रदर्शित करेंगे दैनिक स्टॉक
बक्सर : जिला कृषि कार्यालय किसानों के मंसूबे पर खरा उतरने के लिये किसी भी स्तर पर चूक नहीं होने देगा. जिले में वर्तमान महीने में 277.2 मिलीमीटर सामान्य वर्षापात के मुकाबले 292.66 मिलीमीटर औसत वर्षापात निर्धारित है. इससे अब किसानों को खेतों में रोपनी के लिये पानी की आस नहीं देखना होगा. विभागीय आंकड़ों पर नजर डालें, तो फसल आच्छादन में बिचड़े एवं रोपनी का आच्छादन अब तक क्रमश: सौ तथा पचास प्रतिशत तक पूरा हो चुका है.
जिन किसानों के चेहरे कल तक मुरझाये थे, आज वहीं चेहरे खुशी के मारे झूम रहे हैं. इस बाबत जिला कृषि पदाधिकारी रणवीर सिंह ने बताया कि इस परिस्थिति किसानों को रोपनी के बाद उर्वरक की जबरदस्त मांग होती है. इसमें विभाग किसानों को उचित मूल्य पर ऑन डिमांड उर्वरक उपलब्ध करायेगा.
रिटेल एवं थोक विक्रेता नियंत्रण : उर्वरक नियंत्रण आदेश अंतर्गत उर्वरक आवश्यक वस्तु अधिनियम में शामिल है. इस बाबत सभी दुकानों के सामने बोर्ड पर प्रतिदिन उर्वरक का स्टॉक, बिक्री मूल्य, लाइसेंस नंबर, वैट नंबर तथा अन्य जानकारी अंकित करना अनिवार्य है. साथ ही उर्वरक के विक्रय के पश्चात पांच प्रतिशत वैट के साथ कैशमेमो देना है. ऐसा नहीं पाये जाने पर दंडात्मक कार्रवाई की जायेगी.
अवैध दुकानों पर शिकंजा : डीएओ ने बताया कि जिले में सभी आवेदित उर्वरक विक्रेताओं का लाइसेंस निर्गत कर दिया गया है. इससे संबंधित विक्रेता दो दिनों के अंदर जिला कृषि कार्यालय से प्राप्त कर लें. नये विक्रेता को लाइसेंस बनाने के लिए एक और मौका दिया जायेगा. उक्त अवधि के बाद बिना लाइसेंस के उर्वरक व्यवसाय करनेवाले विक्रेताओं पर औचक छापेमारी कर कार्रवाई की जायेगी.
उर्वरक भंडार की स्थिति : डीएओ के अनुसार यूरिया 2116 एमटी, डीएपी 472 एमटी, एमओपी 243.65 एमटी, एपीके 883 एमटी तथा एसएसपी 227.25 एमटी भंडार में सुरक्षित है. इसको थोक विक्रेता के चैनल से खुदरा विक्रेता को आवंटित किया जा रहा है. वहीं, डीसीओ द्वारा पैक्स, व्यापार मंडल एवं स्वालंबी समिति के द्वारा अपने क्षेत्राधिकार में किसानों को उर्वरक उपलब्ध कराने की व्यवस्था बनायी गयी है.

प्रभात खबर डिजिटल प्रीमियम स्टोरी

लेखक के बारे में

By Prabhat Khabar Digital Desk

यह प्रभात खबर का डिजिटल न्यूज डेस्क है। इसमें प्रभात खबर के डिजिटल टीम के साथियों की रूटीन खबरें प्रकाशित होती हैं।

संबंधित खबरें >

यह भी पढ़ें >