गलती में प्राइवेट फ्रेंचाइजी की भी अहम भूमिका
चक्की/सिमरी : सरकार चाहे जितना विभागों को सुधारने का दवा कर ले,पर इन सरकारी बाबूओं पर कोई फर्क नहीं पड़नेवाला़ बिजली विभाग द्वारा जनवरी माह में सिमरी प्रखंड के दर्जनों उपभोक्ताओं को जारी किये गये बिजली बिल में 70 फीसदी वैसे उपभोक्ताओं का बिजली बिल गलत कर दिया गया है, जिनके यहां मीटर लग चुका है़
इस गड़बड़ी को लेकर उपभोक्ताओं में खासी नाराजगी देखने को मिल रही है़ उपभोक्ता सोनू पांडेय, नंदजी, प्रभुनाथ आदि ने बताया कि एक तो विभाग द्वारा गलत बिजली बिल भेज दिया गया.वहीं, अब इसके सुधार के लिए एक सप्ताह से कार्यालय में चक्कर लगा रहे हैं, परंतु अब तक जेइ से मुलाकात नहीं हो पायी है़ दूरभाष से संपर्क करने पर पता चलता है कि साहब फिल्ड में गये हुए हैं कल मुलाकात होगी
बिल देखते ही उछल पड़े लोग
विभाग द्वारा उपभोक्ताओं को निर्गत किये गये बिजली बिल को देखते ही लोग उछल पड़े व ठंड के मौसम में भी पसीने-पसीने हो गये़ गलत बिजली बिल को लेकर लोगों में बिजली विभाग के प्रति खासी नाराजगी देखी जा रही है़
वहीं, जानकार बता रहे हैं कि प्राइवेट फ्रेंचाइजी के कर्मी जो मीटर रीडिंग करने जाते हैं, उनकी गलती है. बात चाहे, जो भी परेशानी तो उपभोक्ताओं को ही हो रही है. उपभोक्ताओं को मिल रहे गलत बिजली बिल के लिये केवल बिजली विभाग को ही गलत ठहराना सही नहीं होगा.
कंपनी द्वारा मीटर रीडिंग व बिल कलेक्शन के लिए कमीशन पर बहाल किये गये प्राइवेट फ्रेंचाइजी भी गलत बिल के लिये उतने ही जिम्मेवार है़ं इन कमीशन एजेंटो द्वारा मीटर रीडिंग व बिल कलेक्शन के लिए अन्य व्यक्तियों को भेज दिया जाता है, जो कम अनुभव के कारण गलत मीटर रीड कर फ्रेंचाइजी मालिक को सूचित कर देते हैं, जिसका खामियाजा उपभोक्ताओं को भुगतना पड़ रहा है़
