बक्सर : एनएच 84 के लिए भूमि अधिग्रहण के लिए चुरामनपुर मध्य विद्यालय में रामगढ़ मौजा और चुरामनपुर मौजा के किसानों को अधिग्रहण की जमीन देने के लिए अधिकारियों ने किसानों को बुला कर शिविर लगाया. शिविर में करीब 100 से अधिक किसान शामिल हुए, मगर किसी भी किसान ने न राशि ली और न ही अधिग्रहण के लिए अपनी हामी ही भरी,
जिसके कारण अधिकारियों को वापस लौट जाना पड़ा. किसान अपनी जमीन का व्यावसायिक दर पर भुगतान मांग रहे थे और साथ ही किसानों का कहना था कि निबंधन विभाग में जो व्यावसायिक दर दर्ज है, उसके हिसाब से हर एक मौजा को राशि दी मिले. किसानों का कहना था कि भूमि अधिग्रहण कानून जो नया बना है, उसके हिसाब से चार गुना राशि भुगतान किसानों को की जाये,
तभी किसान अपनी जमीन एनएच 84 के लिए देंगे. शिविर में किसानों की ओर से मुख्य रूप से गणेश राय, अनिल कुमार राय,सुरेश सिंह, यूसुफ खां, डॉ रामाश्रय राय, विद्या भूषण पांडेय, शशि भूषण ठाकुर समेत दोनों मौजा के प्रतिष्ठित किसान शामिल थे. वहीं, अधिकारियों की ओर से शिविर में गये एडीएम अनामुल हक सिद्दिकी, भूमि अधिग्रहण के पदाधिकारी और डीटीओ तौकीर अकरम, एनएच के सहायक अभियंता प्रत्यूष कुमार तथा जिले के कानूनगो और भूमि अधिग्रहण विभाग के कई अधिकारी शामिल थे.
शिविर के बारे में भूमि अधिग्रहण के अधिकारी तौकीर अकरम ने बताया कि सभी किसानों को भूमि अधिग्रहण के लिए मोटिवेट किया जा रहा है और उनसे जमीन देने को कहा जा रहा है. उन्होंने बताया कि व्यावसायिक दर लेने के लिए किसानों को एसडीओ के यहां आवेदन देना चाहिए और उसके साथ 2010 तक उन जमीनों का व्यावसायिक ब्योरा देने पर ही व्यावसायिक दर दिये जाने का फैसला हो पायेगा.
