आरा : देशी शराब बंद क्या हुई, शराबियों पर सामत ही आ गयी थी. शनिवार को नगर निगम के अधिन सात अंगरेजी दुकानें खोल दी गयीं. दुकान खुलते ही शराबी बाग-बाग हो गये. दुकानों पर शराब लेने के लिए लंबी लाइन लगी हुई थी. कतारबद्ध खड़े होकर शराबी शराब खरीद रहे थे. आज से और तीन दुकानें खोल दी जायेंगी. जैसे ही गांगी के समीप दो दुकानें खुली, शराबी शराब पीने के लिए वहां चले गये, जिससे कुछ देर के लिए अफरा-तफरी का माहौल कायम हो गया. हालांकि प्रशासन की बेहतर व्यवस्था होने के कारण किसी प्रकार की परेशानी नहीं हुई.
ताड़ी दुकानों पर भी लगी भीड़, महंगी हुई ताड़ी
आरा : देशी शराब बंद क्या हुई, शराबियों पर सामत ही आ गयी थी. शनिवार को नगर निगम के अधिन सात अंगरेजी दुकानें खोल दी गयीं. दुकान खुलते ही शराबी बाग-बाग हो गये. दुकानों पर शराब लेने के लिए लंबी लाइन लगी हुई थी. कतारबद्ध खड़े होकर शराबी शराब खरीद रहे थे. आज से और […]

इन जगहों पर खुली अंगरेजी शराब की दुकानें : शासन के निर्देश के बाद एक अप्रैल से देशी शराब पूर्ण रूप से प्रतिबंधित हो गया है. ऐसे में गांगी में 2, मौलाबाग में 1, भी-मार्ट के पास 1, रमगढ़िया 1, धनुपरा 1, धरहरा में 1 अ्ंग्रेजी शराब की दुकान खोल दी गयी है, जबकि आज बाजार समिति में 1, अनाईठ में 1 और रमगढ़िया में 1 अंगरेजी शराब की दुकानें खोल दी जायेगी. जिले में 14 अंगरेजी शराब की दुकानें खोली जानी है.
देशी शराब की नशे से कम नहीं है ताड़ी का नशा : देशी शराब बंद हुई तो क्या. नशा करने वालों के लिए ताड़ी भी किसी देशी शराब से कम नहीं है. यह हम नहीं ताड़ी की दुकानों पर लगी लोगों की भीड़ यह बात बयां कर रही है. ताड़ी में नशे के लिए एक प्रकार की दवा मिलायी जाती है, जिससे नशा हो जाती है. देशी शराब बंद होने से ताड़ी का दाम भी बढ़ा दिया गया है.