आरा : लोक आस्था के महापर्व छठ को लेकर पूरा शहर छठमय हो गया है. चार दिवसीय अनुष्ठान छठ के दूसरे दिन व्रतियों का पूरे दिन उपवास रख कर संध्या में स्नान ध्यान किया. इसके बाद खरना का प्रसाद बनाया. अरवा चावल, दुध, गुड़ को मिलाकर खीर व रोटी खरना के प्रसाद के रूप में बनाया गया.
जिसे व्रतियों ने भगवान भास्कर को अर्पित करने के बाद प्रसाद स्वरूप वितरित किया. अनुष्ठान के तीसरे दिन अस्ताचल गामी भगवान भास्कर को व्रति विभिन्न छठ घाटों पर अर्घ्य देंगे. वहीं चौथे दिन उदीयमान भगवान भास्कर को अर्घ देने के बाद चार दिवसीय अनुष्ठान का समापन हो जायेगा.
