आरा : आखिरकार चांदी पुलिस ने तीन माह के बाद फर्जी पत्नी बन पति को चुना लगानेवाली ठग महिला को पटना जिले के नौबतपुर थाना क्षेत्र के सरारी गांव में छापेमारी कर धर दबोचा.
फर्जी पत्नी बनी महिला ने पटना के एलआइसी में कार्यरत कर्मी से तीन लाख रुपये पहले ही ठग लिया था. बाद में हर माह मेंटेनेंस के नाम पर 5200 रुपये लेती थी. वादी एलआइसी में कार्यरत रामेश्वर राम ने निचली अदालत के फैसले के खिलाफ पटना हाइकोर्ट में केस दर्ज कराया था कि वादी ने पास गुहार लगायी थी कि मेंटेनेंस के लिए पैसा लेनेवाली महिला मेरी पत्नी नहीं है,
जिसके बाद कोर्ट के आदेश पर पुलिस कप्तान नवीन चंद्र झा ने चांदी थाना में केस दर्ज करने का आदेश दिया था, जिसके बाद चांदी थाना में एफआइआर दर्ज किया गया था.
गुरुवार को चांदी थानाध्यक्ष सुनील कुमार ने गुप्त सूचना के आधार पर छापेमारी कर फर्जी पत्नी को धर दबोचा. चक्कर लगाने के बाद ही पटना हाइकोर्ट में वादी ने ली थी शरण : लआइसी कर्मी रामेश्वर राम को तब पता चला जब उसके एकाउंट से प्रत्येक माह 5200 रुपये कटता चला गया. पहले माह में जब 5200 रुपये कटा तो उसने बैंक में संपर्क किया बाद में पता चला कि कोर्ट के आदेश पर उसके खाते से मेंटेनेंस के नाम पर उसकी पत्नी को दिया जाता है.
अपने आप को ठगा महसूस कर रहा रामेश्वर राम के सामने उसकी अपनी पत्नी बैठी हुई थी. उसने हार नहीं मानी और पटना हाइकोर्ट में कोर्ट के फैसले के खिलाफ चुनौती दी, तो मामला ही कुछ और निकला. पटना हाइकोर्ट के आदेश के बाद पुलिस कप्तान ने केश दर्ज करने का आदेश चांदी थाना को दिया था.
