रंगदारी से जुडा है मामला
पीरो : नगर के अति व्यस्ततम मेनगली में पुलिस की कथित चाक चौबंद व्यवस्था को चुनौती देते हुए बेखौफ अपराधियों ने रंगदारी की मांग को लेकर बुधवार की शाम विनायक प्लाजा रेडिमेड शो रूम के मालिक संजय कुमार को टारगेट कर ताबड़तोड़ फायरिंग कर दी.संयोगवश अपराधियों की गोली शो रूम मालिक को नहीं लगी जिससे एक बडा हादसा टल गया. फायरिंग से रेडिमेड शो रूम के कांच क्षतिग्रस्त हो गए. फायरिंग के बाद अपराधकर्मी हथियार लहराते हुए अपनी बाइक पर सवार होकर भाग निकले. फायरिंग के बाद मेन गली में दहशत का माहौल कायम हो गया और भगदड़ सी मच गयी. घटना के संबंध में बताया जाता है
कि करीब पंद्रह दिन पहले अपराधियों ने शोरूम मालिक को फोन कर 50 हजार रुपये रंगदारी की मांग की थी. इसकी लिखित शिकायत पीरो थाने में दर्ज कराते हुए शोरूम मालिक ने सुरक्षा की गुहार लगायी थी. इधर सोमवार को विनायक प्लाजा के दुकानदार को फोन कर मुफ़्त में कपड़ा देने की मांग की गयी. इसके बाद शाम करीब सात बजे एक हथियारबंद अपराधी शो रूम में आ धमके और एक बार फिर शो रूम मालिक से रंगदारी में कपड़ा देने की मांग की.
शोरूम मालिक द्वारा रंगदारी देने से इन्कार करने पर अपराधी ने शो रूम मालिक को लक्ष्य कर फायरिंग कर दी. गोली दीवार से टकराने के बाद शीशे को तोड़ते हुए निकल गयी. इसके बाद दुकान के बगल में बाइक पर मौजूद अपने अन्य सहयोगियों के साथ अपराधी वहां से फरार हो गये. सरेआम हुई इस घटना के बाद भगदड़ मच गयी और सारी दुकानों के शटर बंद हो गये.
इस घटना से स्थानीय दुकानदारों के साथ-साथ आम लोगों में भी दहशत का माहौल कायम हो गया है. इधर घटना के बाद पहुंची पुलिस घटना की छानबीन में जुटी है. पुलिस ने घटनास्थल से खाली खोखा भी बरामद किया है. इस घटना से स्थानीय दुकानदारों में पुलिस के प्रति अंदर ही अंदर आक्रोश देखा जा रहा है.
15 दिन पूर्व व्यवसायी ने थाने में की थी रंगदारी मांगे जाने की लिखित शिकायत
विनायक प्लाजा के मालिक राजन कुमार की माने तो करीब पंद्रह दिन पूर्व उनसे फोन कर 50 हजार रुपये की रंगदारी की मांग की गयी थी. इस मामले में व्यवसायी की ओर से पीरो थाना में इसकी लिखित शिकायत भी की गई थी,लेकिन पुलिस द्वारा मामले को गंभीरता से नहीं लिया गया. इस कारण सोमवार की शाम बेखौफ अपराधियों ने होली की भीड़ से भरे बाजार में फायरिंग कर दहशत फैला दी.
भाजपा नेता मदन स्नेही ने इस घटना को स्थानीय पुलिस की लापरवाही करार देते हुए कहा कि अपराधियों द्वारा रंगदारी मांगने की शिकायत मिलने के बाद भी पुलिस हाथ पर हाथ धरे बैठे रही, जिससे अपराधियों का मनोबल बढ़ता गया और वे बेखौफ होकर घटना को अंजाम देने में सफल रहे. इधर पीरो थानाध्यक्ष के अनुसार व्यवसायी ने जिस फोन नंबर से रंगदारी मांगे जाने की शिकायत की थी उस नंबर की पहचान कर ली गयी है.
