थाना क्षेत्र के मसदी पंचायत स्थित कब्रिस्तान में शुक्रवार को शव दफनाने को लेकर दो पक्षों के बीच विवाद हो गया. सूचना मिलते ही प्रशिक्षु एएसपी सह थानाध्यक्ष सायम रजा, अंचलाधिकारी रमण कुमार एवं बीडीओ संजीव कुमार दल-बल के साथ मौके पर पहुंचे और दोनों पक्षों को समझाकर स्थिति को नियंत्रित किया. अधिकारियों की मौजूदगी में फिलहाल शव को बिहार सरकार की जमीन पर दफनाया गया. घटना के बाद प्रशासन ने दोनों पक्षों से शांति बनाए रखने की अपील की है. जानकारी के अनुसार, जहांगीरा निवासी एक व्यक्ति के पार्थिव शरीर को दफनाने के लिए बड़ी संख्या में लोग मसदी गांव स्थित कब्रिस्तान पहुंचे थे. इसी दौरान दूसरे पक्ष ने इसका विरोध किया, जिसके बाद दोनों पक्ष आमने-सामने आ गए. पहले पक्ष से नूर मिल्लत कमेटी जहांगीरा के सचिव मो समसुल ने बताया कि वर्ष 1976 के सर्वे में संबंधित जमीन खसरा संख्या टू में कब्रिस्तान के रूप में दर्ज है. वर्ष 1982 में यहां दफन किया गया था और बाद में एसडीओ द्वारा जांच में इसे कब्रिस्तान पाया गया. कहा कि यह गैरमजरुआ जमीन है. वहीं दूसरे पक्ष के विभूति कुमार विकल ने बताया कि उक्त जमीन को लेकर टाइटल सूट सब-जज 9 में मामला लंबित है. उन्होंने दावा किया कि वर्ष 2011 में उन्हें न्यायालय से निर्णय मिला है और जमीन उनकी है, इसलिए दफन का विरोध किया गया. अंचलाधिकारी ने बताया कि दोनों पक्षों को आवश्यक दस्तावेजों के साथ जनता दरबार में बुलाया गया है. फिलहाल अगले आदेश तक उक्त विवादित जमीन पर किसी भी प्रकार का दफन नहीं करने का निर्देश दिया गया है.
bhagalpur news. कब्रिस्तान में दफन को लेकर दो पक्षों में विवाद, प्रशासन ने कराया शांत
थाना क्षेत्र के मसदी पंचायत स्थित कब्रिस्तान में शुक्रवार को शव दफनाने को लेकर दो पक्षों के बीच विवाद हो गया
