रजिस्ट्रेशन से जांच तक खड़े रहते हैं मरीज, सबके बैठने की व्यवस्था नहीं

मायागंज अस्पताल के ओपीडी में 1907 मरीजों का इलाज

वरीय संवाददाता, भागलपुर रविवार की छुट्टी के बाद सोमवार को मायागंज अस्पताल में इलाज कराने मरीजों की भारी भीड़ उमड़ी. ओपीडी की दो पालियों 1907 मरीजों का इलाज हुआ. इधर, सदर अस्पताल की ओपीडी में भी 800 से अधिक मरीज इलाज के लिए आये. दोनों अस्पतालों में जितने मरीज इलाज के लिए आये, उससे अधिक संख्या में मरीजों के साथ परिजन भी साथ आये थे. दोपहर 12 बजे ओपीडी परिसर में काफी संख्या में लोगों का जमावड़ा दिखा. अस्पताल के रजिस्ट्रेशन काउंटर, दवा काउंटर, पैथोलॉजी सेंटर, डॉक्टर चेंबर, एक्सरे व अल्ट्रासाउंड जांच केंद्र में मरीजों की कतार लगी रही. मरीजाें काे इलाज कराने में काफी देर तक इंतजार करना पड़ा. रजिस्ट्रेशन, इलाज, जांच व दवा लेने में लोगों को दो से तीन घंटे लग गये. हर जगह कतार में खड़े लोग काफी परेशान दिखे. जितनी संख्या में मरीज व परिजन थे, उस हिसाब से कुर्सियां नहीं लगी हैं. मरीजों व परिजनों ने कहा कि भीड़ को व्यवस्थित करने के लिए अस्पताल को और विशेष सुविधा देनी चाहिए. प्राइवेट क्लीनिक की तरह वेटिंग हॉल में बैठने की व्यवस्था हो. हर जगह खड़ा रहते मरीजों की पीड़ा और बढ़ जाती है. मायागंज अस्पताल में ओपीडी भवन में ही रजिस्ट्रेशन काउंटर रहने से मरीजों को अंदर जाने व निकलने में काफी मशक्कत करनी पड़ती है. वहीं मायागंज के ओपीडी में पूछताछ केंद्र के अभाव से मरीज इधर-उधर भटकते रहते हैं.

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By Prabhat Khabar News Desk

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