बेतिया. चरस तस्करी के एक मामले की सुनवाई पूरी करते हुए अपर जिला एवं सत्र न्यायाधीश तृतीय सह एनडीपीएस एक्ट के विशेष न्यायाधीश आनंद विश्वासधर दुबे ने कांड के नाम जद अभियुक्त चांद काली को दोषी पाते हुए उसे 10 वर्ष कठोर कारावास की सजा सुनाई है. साथ ही उसके ऊपर एक लाख रुपया अर्थ दंड भी लगाया है. अर्थदंड का भुगतान नहीं करने पर उसे अतिरिक्त कारावास की सजा भुगतनी होगी. सजायाफ्ता महिला तस्कर चांदकली नेपाली मूल के परसा थाना अंतर्गत भीकमपुर गांव की रहने वाली है. एनडीपीएस एक्ट के विशेष लोक अभियोजक सुरेश कुमार ने बताया कि घटना 22 अक्टूबर वर्ष 2023 की है. गुप्त सूचना के आधार पर एसएसबी के जवानों ने बॉर्डर पर नाका लगाया था. इसी दौरान 65 वर्षीय एक महिला बैग लेकर भारतीय सीमा में प्रवेश करती दिखाई दी. पुलिस को देखकर अचानक वह घबरा गई और भागने लगी. जवानों ने उसे पकड़ लिया बैग की तलाशी ली गई. कांड के सूचक विमल नाथ ने बैग में छुपा कर रखा प्लास्टिक के पैकेट से तीन किलोग्राम चरस बरामद किया. इस संबंध में एसएसबी के पदाधिकारी विमल नाथ ने सिकटा थाने में प्राथमिक दर्ज कराई थी. इसी मामले का स्पीडी ट्रायल के माध्यम से महज एक वर्षों में सुनवाई पूरी करते हुए विशेष न्यायाधीश ने यह सजा सुनाई है.
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