Bank Employees Strike: यूनाइटेड फोरम ऑफ बैंक यूनियंस (यूएफबीयू) के आह्वान पर शुक्रवार को जिले के बैंक अधिकारी और कर्मचारी देशव्यापी हड़ताल पर रहे. बैंकिंग सेवाएं प्रभावित होने से आम ग्राहकों को परेशानी का सामना करना पड़ा. वहीं, विभिन्न बैंकों में लेनदेन और अन्य बैंकिंग गतिविधियां प्रभावित रहीं. अनुमान के अनुसार, हड़ताल के कारण पश्चिम चंपारण जिले में करीब 200 करोड़ रुपये का बैंकिंग कारोबार प्रभावित हुआ.
क्षेत्रीय कार्यालय में प्रवेश रोककर जताया विरोध
हड़ताल के दौरान स्थानीय क्षेत्रीय कार्यालय पहुंचे उन अधिकारियों को भी आंदोलनरत बैंक कर्मियों ने कार्यालय में प्रवेश नहीं करने दिया, जो हड़ताल से बाहर थे. कर्मियों ने कार्यालय के बाहर अपनी मांगों को लेकर विरोध जताया. इस दौरान बैंकिंग व्यवस्था में पांच दिन का कार्य सप्ताह लागू करने सहित अन्य लंबित मांगों को लेकर नारेबाजी भी की गयी.
दो वर्ष बाद भी लागू नहीं हुई व्यवस्था
बैंकिंग संघ के अधिकारी शैलेश जायसवाल और रवि केसरी ने कहा कि पांच-दिवसीय बैंकिंग व्यवस्था लागू करने सहित कई मांगें लंबे समय से लंबित हैं. उन्होंने कहा कि पांच-दिवसीय बैंकिंग व्यवस्था लागू करने को लेकर समझौता हो चुका है, लेकिन दो वर्ष से अधिक समय बीतने के बाद भी इसे लागू नहीं किया गया है.
पीएलआइ, पेंशन अपडेटेशन समेत कई मांगें लंबित
बैंक कर्मियों ने न्यायसंगत पीएलआइ व्यवस्था, पेंशन अपडेटेशन तथा अन्य लंबित सेवा संबंधी मामलों के जल्द समाधान की मांग की. संघ का कहना है कि कर्मचारियों से जुड़े कई महत्वपूर्ण मुद्दों पर लंबे समय से केवल आश्वासन मिल रहा है, जबकि इनके समाधान को लेकर ठोस पहल नहीं की गयी है.
ब्रिक्स सम्मेलन के कारण मांगों को टालना उचित नहीं
बैंक यूनियन ने कहा कि ब्रिक्स सम्मेलन के समय हड़ताल किए जाने को लेकर सवाल उठाए जा रहे हैं. बैंक अधिकारी और कर्मचारी ब्रिक्स सम्मेलन के विरोधी नहीं हैं और देश की अंतरराष्ट्रीय प्रतिष्ठा का पूरा सम्मान करते हैं. लेकिन किसी अंतरराष्ट्रीय आयोजन के कारण कर्मचारियों की वर्षों से लंबित और न्यायसंगत मांगों को अनिश्चितकाल तक टालना उचित नहीं है.
आईसीआईसीआई बैंक में भी कराया कामकाज बंद
हड़ताल के समर्थन में आंदोलनरत बैंक कर्मी समीप स्थित आईसीआईसीआई बैंक भी पहुंचे. वहां भी उन्होंने बैंकिंग कामकाज बंद कराया और अपनी मांगों के समर्थन में विरोध जताया. आंदोलन में शैलेश जायसवाल, रवि केसरी, अनिल तिवारी, ओमप्रकाश मिश्रा, राजकुमार शुक्ला, राहुल कुमार समेत अन्य बैंक अधिकारी एवं कर्मचारी शामिल रहे. हड़ताल के चलते बैंक शाखाओं में पहुंचे ग्राहकों को बिना काम कराए वापस लौटना पड़ा.