मॉडल आंगनबाड़ी केंद्र की जर्जर छत बनी मुसीबत, हल्की बारिश में ही टपकने लगता है पानी
Banka News : बच्चों के बेहतर पोषण और शिक्षा के लिए विकसित किया गया मॉडल आंगनवाड़ी केंद्र अब खुद बदहाल स्थिति का शिकार हो गया है. बांका के मोहनपुर स्थित केंद्र में हल्की बारिश होते ही छत से पानी टपकने लगता है, जिससे बच्चों की पढ़ाई और केंद्र का संचालन प्रभावित हो रहा है.
बाराहाट (बांका )से अजय कुमार झा की रिपोर्ट
Banka News : बाराहाट प्रखंड के मोहनपुर स्थित आंगनवाड़ी केंद्र संख्या-76 को विभाग ने मॉडल आंगनवाड़ी केंद्र के रूप में विकसित किया है. आकर्षक रंग-रोगन और साज-सज्जा के बावजूद भवन की जर्जर छत अब बड़ी समस्या बन चुकी है. बारिश के दौरान छत से पानी रिसने के कारण बच्चों, सेविका और सहायिका को परेशानी का सामना करना पड़ रहा है.
हल्की बारिश में भी टपकने लगती है छत
स्थानीय लोगों के अनुसार केंद्र में लगी करकट की छत काफी पुरानी और जर्जर हो चुकी है. हल्की बारिश होने पर भी पानी सीधे केंद्र के अंदर टपकने लगता है. इससे बच्चों के बैठने, खेलने और पढ़ाई करने में कठिनाई होती है. बरसात के मौसम में स्थिति और अधिक गंभीर हो जाती है.
भीग रहे महत्वपूर्ण दस्तावेज
बारिश का पानी केंद्र के कमरों में प्रवेश कर जाने से वहां रखे महत्वपूर्ण सरकारी दस्तावेज भी प्रभावित हो रहे हैं. कई बार कागजात भीग जाने से रिकॉर्ड सुरक्षित रखने में परेशानी होती है. इससे केंद्र के दैनिक कार्यों पर भी असर पड़ रहा है.
कई बार की गई शिकायत, नहीं हुई कार्रवाई
केंद्र की सेविका ने बताया कि छत की खराब स्थिति को लेकर कई बार विभागीय अधिकारियों को लिखित और मौखिक रूप से जानकारी दी गई है. साथ ही भवन की मरम्मत कराने की मांग भी की गई, लेकिन अब तक कोई ठोस पहल नहीं की गई है. उन्होंने कहा कि समय रहते मरम्मत नहीं हुई तो बच्चों की सुरक्षा भी प्रभावित हो सकती है.
बच्चों की सुविधा और सुरक्षा पर उठे सवाल
स्थानीय ग्रामीणों का कहना है कि मॉडल आंगनवाड़ी केंद्र होने के बावजूद भवन की स्थिति चिंताजनक है. सरकार बच्चों के सर्वांगीण विकास के लिए करोड़ों रुपये खर्च कर रही है, लेकिन आधारभूत सुविधाओं की कमी से योजनाओं का उद्देश्य प्रभावित हो रहा है. लोगों ने वरीय अधिकारियों से शीघ्र हस्तक्षेप की मांग की है.
विभाग ने दिया कार्रवाई का भरोसा
इस संबंध में बाल विकास परियोजना पदाधिकारी सुशील धौन ने बताया कि केंद्र की जर्जर स्थिति की जानकारी विभाग को दी जाएगी. उन्होंने कहा कि आंगनवाड़ी केंद्र के नवीनीकरण और मरम्मत के लिए संबंधित विभाग को जल्द पत्र भेजा जाएगा, ताकि समस्या का स्थायी समाधान सुनिश्चित किया जा सके.
बरसात से पहले मरम्मत की उठी मांग
ग्रामीणों और अभिभावकों ने मांग की है कि बरसात का मौसम पूरी तरह शुरू होने से पहले केंद्र की छत की मरम्मत कराई जाए. उनका कहना है कि बच्चों के सुरक्षित और बेहतर वातावरण में शिक्षा व पोषण सेवाएं सुनिश्चित करना प्रशासन की प्राथमिक जिम्मेदारी होनी चाहिए.