अमरपुर. थाना क्षेत्र की सुलतानपुर पंचायत अंतर्गत हसनपुर गांव में मानसिक तनाव से तंग आकर गत बुधवार की रात्रि एक विवाहिता ने सल्फास खा लिया. परिजनों द्वारा विवाहिता लाडो खातून को इलाज के लिए रेफरल अस्पताल अमरपुर लाया गया. जहां डॉ अपूर्व अमन सिंह ने महिला का प्राथमिक उपचार कर गंभीर स्थिति को देखते हुए बेहतर उपचार के लिए उन्हें मायागंज भागलपुर रेफर कर दिया. जहां गुरुवार की सुबह इलाज के दौरान उनकी मौत हो गयी. इस घटना की सूचना मिलते ही मृतका के पिता मो. जखरूद्दीन, मां व भाई समेत अन्य परिजनों में कोहराम मच गया. घटना को लेकर मृतका के पिता ने बताया कि जुलाई 2025 में उन्होंने अपनी पुत्री लाडो का विवाह बौंसी के कैरी शरीफ गांव निवासी मो.आसिफ के साथ मुस्लिम रिती-रिवाज के साथ संपन्न हुआ था. दस दिन पूर्व पुत्री अपने पति के साथ अपने मायके हसनपुर गांव आयी थी. दो दिन पूर्व पुत्री को उनके पति ने मुहल्ले के एक किशोर के साथ बातचीत करते देखा. जिस कारण दोनों में कुछ विवाद हो गया. मामले की जानकारी मिलते ही दामाद को समझाने का प्रयास किया व पंचायती करने की बात कही. लेकिन दामाद उनकी बातों को अनसुना कर बुधवार को अपने घर बौंसी चला गया. पंचायती के दौरान पुत्री के कथित प्रेमी ने भी पुत्री को अपनाने से इंकार कर दिया. जिससे मानसिक तनाव में आकर इस घटना को अंजाम दिया. भागलपुर में पोस्टमॉर्टम के बाद शव गांव पहुंचते ही मृतका के घर पर ग्रामीणों की भीड़ जुट गयी. ग्रामीणों ने बताया कि मृतका चार भाइयो की इकलौती बहन थी.
तनाव में आकर विवाहिता ने खाया जहर, इलाज के दौरान भागलपुर में मौत
थाना क्षेत्र की सुलतानपुर पंचायत अंतर्गत हसनपुर गांव में मानसिक तनाव से तंग आकर गत बुधवार की रात्रि एक विवाहिता ने सल्फास खा लिया
