2018 तक बन कर तैयार होना है प्लांट

बाराहाट : पूर्व विधायक के द्वारा रंगदारी मांगने के बाद से चर्चा में आये क्षेत्र के इंडियन ऑयल गैस बॉटलिंग प्लांट का कार्य वर्ष 2018 तक पूरा हो जाना है. परियोजना प्रबंधक पुरन हांसदा के मुताबिक कंपनी द्वारा अलग-अलग ठेकेदारों द्वारा चहारदीवारी के साथ-साथ टैंक निर्माण एवं भवन निर्माण करा रही है. जिसमें मुख्य रूप […]

बाराहाट : पूर्व विधायक के द्वारा रंगदारी मांगने के बाद से चर्चा में आये क्षेत्र के इंडियन ऑयल गैस बॉटलिंग प्लांट का कार्य वर्ष 2018 तक पूरा हो जाना है. परियोजना प्रबंधक पुरन हांसदा के मुताबिक कंपनी द्वारा अलग-अलग ठेकेदारों द्वारा चहारदीवारी के साथ-साथ टैंक निर्माण एवं भवन निर्माण करा रही है. जिसमें मुख्य रूप से गुजरात, मुंबई एवं झारखंड की कंपनी काम कर रही है. जिसमें बोकारो कंपनी अपना कार्य पूरा कर चुकी है.

टैंक निर्माण करा रही कंपनी ने टैंक का लगभग 50 प्रतिशत कार्य पुरा करा लिया है. शेष काम अगले तीन से चार माह में पूरा कर लेने की उम्मीद है. उन्होंने विवादित कंपनी जय माता दी के बारे में बताया कि कंपनी को वर्ष 2017 के जनवरी माह में ही प्लांट में भवन निर्माण का ठेका मिला था. जिसके बाद कंपनी ने बीते गुरुवार को दो हाइवे छर्री प्लांट में काम के लिये गिराया है. कंपनी द्वारा अब तक कोई अपनी मशीन आदि नहीं लाया गया है.

ज्ञात हो कि इंडियन ऑयल के इस बहुप्रतीक्षित योजना को लेकर तकरीबन क्षेत्र की 40 एकड़ जमीन ली गयी है. जिसमें तकरीबन 100 करोड़ की लगात से प्लांट लगाने का काम किया जा रहा है. परियोजना प्रबंधक के मुताबिक प्लांट अपने तय समय सीमा के अंदर हर हाल में चालू कर लिया जायेगा. परियोजना दिसंबर 2018 तक चालू होने का लक्ष्य रखा गया है. इस प्लांट के चालू हो जाने से प्रतिदिन इस प्लांट में 40 हजार से लेकर 50 हजार गैस सिलिंडर भरे जायेंगे.

पुलिस की हुई तैनाती
अलग-अलग ठेकेदारों के द्वारा चहारदीवारी, टैंक व भवन का कराया जा रहा निर्माण
40 एकड़ जमीन में सौ करोड़ की लागत से हो रहा है प्लांट का निर्माण
प्रतिदिन 50 हजार सिलिंडर भरे जाने की है क्षमता

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By Prabhat Khabar Digital Desk

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