मामूली बारिश में भी नपं के सभी वार्डों में जलजमाव

बांका नगर पंचायत के 22 में से किसी भी वार्ड में ड्रेनेज सिस्टम नहीं है बांका : बांका को जिला बने करीब 25 वर्ष हो चुके हैं, लेकिन शहर की जो दशा पहले थी, उससे भी खराब स्थिति शहर की बनी हुई है. जिला बनने के बाद सुधार होना चाहिए था. स्थिति और बदतर हुई […]

बांका नगर पंचायत के 22 में से किसी भी वार्ड में ड्रेनेज सिस्टम नहीं है

बांका : बांका को जिला बने करीब 25 वर्ष हो चुके हैं, लेकिन शहर की जो दशा पहले थी, उससे भी खराब स्थिति शहर की बनी हुई है. जिला बनने के बाद सुधार होना चाहिए था. स्थिति और बदतर हुई है. बांका नगर पंचायत के 22 में से किसी भी वार्ड में न तो बारिश के पानी की निकासी के लिए ड्रेनेज सिस्टम है और ना ही सही तरीके से पानी की निकासी का नाला निर्माण हो सका है. ऐसे में वार्डवासियों को अपने अपने घरों से निकलने के समय इस गंदे पानी से होकर आना जाना होता है. वार्डों में ड्रेनेज सिस्टम पूरी तरह फेल है़. इस वजह से मामूली बारिश से में भी सभी वार्डों में जलजमाव की स्थिति उत्पन्न हो जाती है. जलजमाव इतना भयावह होता
है कि आम शहरी घर से निकलने में परहेज कर लेते हैं. खास कर स्कूल जाने वाले बच्चों इस समस्या से भारी परेशानी होती है.
मुख्य मार्गों में जमता है पानी
जलजमाव की स्थिति इतनी खराब है कि शहर की पुरानी बस स्टैंड के समीप बांका-ढाकामोड मुख्य मार्ग, शिवाजी चौक स्थित काली मंदिर के समीप, अलीगंज स्थित डोकानियां मार्केट से लेकर एसएसएफसी गोदाम तक, विजय नगर चौक, सर्किट हाउस मार्ग, नया टोला, आरएमके इंटर स्कूल मार्ग, व्यवहार न्यायालय परिसर सहित अन्य मुख्य मार्ग है जहां पर मामूली बारिश से जलजमाव हो जाता है़. इससे आमलोगों को आवागमन में काफी परेशानियों का सामना करना पड़ता है
नगर पंचायत है सुस्त
नगर पंचायत क्षेत्र के सभी वार्डों का ड्रेनेज सिस्टम लगभग फेल है. बारिश का पानी एवं घरों से निकलने वाले पानी के निकासी का समुचित प्रबंध नगर पंचायत द्वारा नहीं किये जाने से वार्डों में जहां-तहां नाले का दूषित पानी भी बीच सड़क पर बहता है़. इससे वार्डवासी को आने-जाने में घोर कठिनाईयों का सामना करना पड़ता है़. बरसात के समय में वार्डवासियों को घरों से निकलने के लिए वार्डों में जहां-तहां जमे पानी से होकर ही गुजरना पड़ता है या पानी निकलने का घंटों इंतजार करना पड़ता है़. वार्डों में जमे दूषित पानी से मलेरिया, टाइफाइड जैसी बीमारी का खतरा भी बढ़ जाता है़
क्या कहते हैं कार्यपालक अिधकारी
नगर पंचायत के सभी वार्डों के ड्रैनेज सिस्टम को दुरुस्त करने के लिए विगत वर्ष ही नगर पंचायत के द्वारा सर्वे कराकर डीपीआर तैयार कर शहरी विकास विभाग को भेजा गया है़. जैसे ही विभाग से इस दिशा में स्वीकृति एवं आवंटन प्राप्त होता है, शहर का ड्रेनेज सिस्टम पूरी तरह दुरुस्त कर लिया जायेगा.
बीके तरुण, कार्यपालक पदािधकारी, नगर पंचायत बांका

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