Aurangabad News (औरंगाबाद से सुजीत कुमार सिंह की रिपोर्ट) :
शहर में नाबालिगों द्वारा ई-रिक्शा चलाने की बढ़ती शिकायतों को गंभीरता से लेते हुए परिवहन विभाग ने विशेष अभियान चलाया. अभियान के दौरान शहर के विभिन्न चौक-चौराहों और प्रमुख मार्गों पर सघन जांच की गई. इस दौरान एक दर्जन से अधिक नाबालिग चालक सड़कों पर व्यावसायिक ई-रिक्शा दौड़ाते हुए पकड़े गए. विभाग ने त्वरित कार्रवाई करते हुए सभी 12 वाहनों को जब्त कर लिया और आगे की कानूनी प्रक्रिया शुरू कर दी है. इस औचक कार्रवाई से अवैध रूप से वाहन चलाने वालों के बीच हड़कंप मचा रहा.
यात्रियों की सुरक्षा से खिलवाड़ बर्दाश्त नहीं, तय की जाएगी अभिभावकों की जिम्मेदारी
जिला परिवहन पदाधिकारी (DTO) सुनंदा कुमारी ने बताया कि सड़क सुरक्षा को ध्यान में रखते हुए यह विशेष अभियान चलाया गया है. जांच के दौरान कई ऐसे ई-रिक्शा चालक मिले, जिनकी उम्र वाहन चलाने के लिए निर्धारित न्यूनतम आयु से काफी कम थी. नाबालिगों के हाथों में व्यावसायिक वाहन होने से न सिर्फ सड़क पर चलने वाले लोगों बल्कि ई-रिक्शा में बैठने वाले यात्रियों की सुरक्षा पर भी गंभीर खतरा उत्पन्न होता है. मोटर वाहन अधिनियम के तहत नाबालिग द्वारा वाहन चलाना एक दंडनीय अपराध है. ऐसे मामलों में वाहन मालिकों और अभिभावकों की भी जवाबदेही तय की जाती है.
लापरवाही पर लगा 47,500 रुपये का जुर्माना, आगे भी जारी रहेगी जांच
डीटीओ ने बताया कि पकड़े गए वाहनों के मालिकों के विरुद्ध नियमानुसार कार्रवाई करते हुए कुल 47 हजार 500 रुपये का जुर्माना तय किया गया है. उन्होंने अभिभावकों और वाहन मालिकों से अपील करते हुए कहा कि वे किसी भी परिस्थिति में नाबालिग बच्चों को वाहन चलाने की अनुमति न दें. थोड़ी सी लापरवाही किसी के घर का चिराग बुझा सकती है और गंभीर सड़क दुर्घटनाओं का कारण बन सकती है. सड़क सुरक्षा नियमों का शत-प्रतिशत पालन सुनिश्चित करने के लिए आने वाले दिनों में भी यह अभियान नियमित रूप से जारी रहेगा.
लाइसेंस और कागजातों की हुई जांच, स्थानीय लोगों ने कार्रवाई का किया स्वागत
इस विशेष अभियान के दौरान परिवहन विभाग की टीम ने केवल उम्र ही नहीं, बल्कि चालकों के ड्राइविंग लाइसेंस, वाहन के निबंधन कागजात, फिटनेस और अन्य आवश्यक दस्तावेजों की भी गहनता से जांच की. विभाग ने स्पष्ट किया है कि सड़क सुरक्षा और यातायात नियमों से खिलवाड़ करने वालों के खिलाफ भविष्य में और भी सख्त कदम उठाए जाएंगे. इधर, स्थानीय नागरिकों ने परिवहन विभाग की इस कार्रवाई का पुरजोर स्वागत किया है और इसे शहर की यातायात व्यवस्था को सुधारने व दुर्घटनाओं पर अंकुश लगाने की दिशा में एक जरूरी कदम बताया है.
