युवा कांग्रेस का संघर्ष लाया रंग औरंगाबाद (नगर)औरंगाबाद से युवा प्रत्याशी आनंद शंकर की जीत में युवा कांग्रेस का संघर्ष भी रंग लाया. कांग्रेस के पूर्व जिलाध्यक्ष के पुत्र आनंद शंकर अपनी राजनीतिक कैरियर की शुरुआत युवा कांग्रेस से की थी. इसके बाद उन्हें पार्टी ने औरंगाबाद लोकसभा का जिलाध्यक्ष बनाया. जिलाध्यक्ष बनने के बाद श्री शंकर मीडिया प्रभारी मोहम्मद शाहनवाज रहमान उर्फ सल्लू के साथ लगातार स्थानीय मुद्दों को लेकर सड़क पर सरकार के विरुद्ध संघर्ष किया. इसी का नतीजा रहा कि कांग्रेस से कई कद्दावर नेता 2015 के विधानसभा चुनाव में प्रत्याशी बनने के लिए बायोडाटा प्रदेश से लेकर केंद्रीय कार्यालय तक जमा किया था. इसके अलावे कई वरीय नेताओं से संपर्क किया था. लेकिन जब पार्टी ने अपने स्तर से सर्वेक्षण कराया तो आनंद शंकर के पक्ष में लोगों का रुझान मिला इसके बाद प्रदेश कमेटी ने आनंद शंकर को प्रत्याशी बनाने की सिफारिश की. प्रदेश कमेटी की सिफारिस पर आनंद शंकर को महागंठबंधन से उम्मीदवार बनाया गया. इसके बाद आनंद शंकर ने क्षेत्र में लगातार जनसंपर्क किया. युवा नेता होने के कारण लोगों ने उम्मीद के साथ वोट दिया इसका परिणाम हुआ कि श्री शंकर ने पूर्व मंत्री रामाधार सिंह को भारी मतों से पराजित किया.
युवा कांग्रेस का संघर्ष लाया रंग
युवा कांग्रेस का संघर्ष लाया रंग औरंगाबाद (नगर)औरंगाबाद से युवा प्रत्याशी आनंद शंकर की जीत में युवा कांग्रेस का संघर्ष भी रंग लाया. कांग्रेस के पूर्व जिलाध्यक्ष के पुत्र आनंद शंकर अपनी राजनीतिक कैरियर की शुरुआत युवा कांग्रेस से की थी. इसके बाद उन्हें पार्टी ने औरंगाबाद लोकसभा का जिलाध्यक्ष बनाया. जिलाध्यक्ष बनने के बाद […]
