मां के आंसू से भी कीमती है रक्तदान

औरंगाबाद (नगर): रविवार को भारतीय रेड क्रॉस सोसाइटी द्वारा विश्व रक्तदान दिवस के अवसर पर सदर अस्पताल स्थिति ब्लड बैंक में रक्तदान शिविर का आयोजन किया गया. इसका उद्घाटन सिविल सजर्न डॉ परशुराम भारती द्वारा किया गया. इस मौके पर कुटुंबा प्रखंड के जदयू प्रखंड अध्यक्ष सह 20 सूत्री अध्यक्ष ओमकार सिंह, युवा कांग्रेस के […]

औरंगाबाद (नगर): रविवार को भारतीय रेड क्रॉस सोसाइटी द्वारा विश्व रक्तदान दिवस के अवसर पर सदर अस्पताल स्थिति ब्लड बैंक में रक्तदान शिविर का आयोजन किया गया. इसका उद्घाटन सिविल सजर्न डॉ परशुराम भारती द्वारा किया गया. इस मौके पर कुटुंबा प्रखंड के जदयू प्रखंड अध्यक्ष सह 20 सूत्री अध्यक्ष ओमकार सिंह, युवा कांग्रेस के मीडिया प्रभारी सल्लू खान, एनएसयूआइ के जिलाध्यक्ष आशुतोष कुमार सिंह सहित 15 लोगों ने स्वेच्छा से रक्तदान किया.

इस मौके पर उपस्थित लोगों को संबोधित करते हुए सिविल सजर्न ने कहा कि 14 जून 1997 में एक रक्तदाता द्वारा रक्तदान कर कार्यक्रम की शुरुआत की थी. उसी दिन से रक्तदान दिवस के रूप में पूरे विश्व में मनाया जाता है. सीएस ने कहा कि विश्व स्वास्थ्य संगठन ऑस्ट्रेलियाइ, जीवविज्ञानी कार्ल लेंडस्टाइनर के सम्मान में उनके जन्मदिन को रक्तदान दिवस के रूप में मनाने का निर्णय लिया. उनकी मौजूदगी के आधार पर रक्त का चार समूहों में वर्गीकरण कर चिकित्सा विज्ञान में अहम योगदान दिया था. पूरे विश्व में प्रत्येक वर्ष 1080 लाख यूनिट रक्तदान में प्राप्त होता है. रक्तदान महादान है.

मां की आंसू अपने बच्चों के जीवन को बचा नहीं सकती,लेकिन दूसरे द्वारा दिये गये रक्त से किसी भी मानव का जान बचाया जा सकता है. इस मौके पर सबसे अधिक यानी 21 बार रक्तदान करने वाले युवा नेता सल्लू खान को सिविल सजर्न ने बुके देकर सम्मानित किया और कहा कि इसी तरह से आगे समाज के क्षेत्र में सेवा करते रहे. इस मौके पर रेड क्रॉस के चेयरमैन पुष्कर अग्रवाल, सचिव मनोज कु मार सिंह, ब्लड बैंक कर्मी सुरेंद्र प्रसाद सिंह, सुनील कांत रंजन, आशुतोष रंजन सहित अन्य लोग उपस्थित थे.

प्रभात खबर डिजिटल प्रीमियम स्टोरी

लेखक के बारे में

By Prabhat Khabar Digital Desk

यह प्रभात खबर का डिजिटल न्यूज डेस्क है। इसमें प्रभात खबर के डिजिटल टीम के साथियों की रूटीन खबरें प्रकाशित होती हैं।

संबंधित खबरें >

यह भी पढ़ें >