औरंगाबाद (ग्रामीण): एक तरफ भीषण गरमी से लोगों का जीना मुहाल हो गया है, तो दूसरी ओर पानी की समस्या उनकी परेशानियां और बढ़ा रही है. लोग किसी तरह गरमी से तो निजात पा रहे है, लेकिन पेयजल से निजात पाना संभव नहीं दिख रहा है. पानी के लिए औरंगाबाद जिले में हाहाकार मचा है. खासकर जिला मुख्यालय में स्थिति और विकराल हो गयी है.
शहर के न्यू एरिया, क्षत्रिय नगर, जसोइया, रामाबांध, सत्येंद्र नगर, टिकरी मुहल्ला के साथ-साथ अन्य मुहल्लों में पानी का लेयर नीचे चला गया है. शहर के गंगटी गांव में स्थिति और भयावह हो गयी है. गांव में लगे 12 चापाकल में सिर्फ एक चालू है. अधिकतर चापाकल से या तो पानी नहीं निकल रहे है या खराब पड़े है. शनिवार की सुबह प्रभात खबर की टीम जब गंगटी गांव पहुंची तो वहां पानी लेने के लिए एक सबमर्सिबल पर लोगों की कतार लगी हुई थी. गंगटी गांव निवासी ब्रज किशोर सिंह, वीरेंद्र सिंह, सुजीत कुमार, कमलेश सिंह, नीतू कुमारी, सुशीला देवी, सुरेश सिंह, पप्पू सिंह आदि लोग जो पानी लेने के लिए खड़े थे, ने बताया कि पीने के लिए पानी मिला तो मुश्किल हो गया है, स्नान करने की बात दूर है. किसी तरह गांव के ही एक कुएं पर लोग स्नान कर रहे है. नगर पर्षद भी इस ओर ध्यान नहीं दे रही है.
लोगा सुबह से ही पानी की तलाश में इधर-उधर भटकते रहते हैं. रोज-रोज सबमर्सिबल वाले तो पानी देंगे नहीं, मजबूरी उनकी भी, पूरे गांव को पानी देने में खराब तो होगा ही. ग्रामीणों ने जिलाधिकारी का ध्यान आकृष्ट कराते हुए पेयजल समस्या पर ध्यान देने की मांग की है. इधर गंगटी के ही वार्ड पार्षद बबिता देवी के प्रतिनिधि ब्रजेश कुमार ने बताया कि नगर पर्षद को इस ओर ध्यान आकृष्ट कराया गया है. जल्द ही पेयजल समस्या को दूर कर लिया जायेगा.
