मेरी वापसी सही दिशा में, जानिए CWC में सिल्वर मेडल जीतने के बाद नीरज चोपड़ा ने क्या कहा

नीरज चोपड़ा ने कॉमनवेल्थ गेम्स 2026 में सिल्वर मेडल जीतने के बाद अपनी वापसी पर बात की. उन्होंने यशवीर सिंह के प्रदर्शन और भारतीय जैवलिन थ्रो की नई पीढ़ी की ताकत पर भी खुशी जताई.

Neeraj Chopra : भारत ने कॉमनवेल्थ गेम्स 2026 के पुरुष जैवलिन थ्रो फाइनल में शानदार प्रदर्शन करते हुए दो पदक अपने नाम किए. नीरज चोपड़ा ने 85.83 मीटर के सीजन बेस्ट थ्रो के साथ सिल्वर मेडल जीता, जबकि यशवीर सिंह ने आखिरी प्रयास में 85.41 मीटर का पर्सनल बेस्ट थ्रो फेंककर ब्रॉन्ज मेडल हासिल किया. मेडल जीतने के बाद नीरज ने अपनी वापसी, यशवीर के प्रदर्शन और भारतीय जैवलिन की नई पीढ़ी को लेकर खुलकर बात की.

एशियन गेम्स की यादें ताजा हुई

एक ही स्पर्धा में भारत के दो खिलाड़ियों के पोडियम पर पहुंचने से नीरज बेहद खुश नजर आए. उन्होंने कहा, 'इससे एशियन गेम्स की यादें ताजा हो गईं, जब किशोर कुमार जेना और मैंने मेडल जीते थे. मुझे बहुत खुशी है कि यशवीर ने इतने अहम मौके पर अपना पर्सनल बेस्ट थ्रो किया. पोडियम पर साथ खड़ा होना शानदार एहसास है. राष्ट्रगान सुनना हमेशा गर्व की बात होती है. मैंने भी इस सीजन का अपना सर्वश्रेष्ठ प्रदर्शन किया है और मेरी वापसी सही दिशा में आगे बढ़ रही है. अभी आगे कई प्रतियोगिताएं हैं, इसलिए मैं काफी खुश हूं.'

अभी पूरी फिटनेस नहीं लौटी

दो बार के कॉमनवेल्थ गेम्स पदक विजेता नीरज ने माना कि चोट से वापसी के बाद वह अभी अपनी सर्वश्रेष्ठ लय हासिल नहीं कर पाए हैं. उन्होंने कहा, 'मैं यह नहीं कह सकता कि मेरी फिटनेस पहले जैसी हो गई है. मैं धीरे-धीरे उस स्तर तक पहुंच रहा हूं. दोहा डायमंड लीग मेरी वापसी का पहला टूर्नामेंट था. यहां मैं पहले से बेहतर था, लेकिन अभी भी अपनी लय हासिल करने की कोशिश कर रहा हूं.'

ठंडा मौसम भी बना चुनौती

नीरज ने बताया कि ग्लासगो का ठंडा मौसम और तेज हवाएं सभी खिलाड़ियों के लिए मुश्किल साबित हुईं. उन्होंने कहा, 'आज मेरा सिर्फ एक थ्रो अच्छा रहा. बाकी थ्रो और बेहतर हो सकते थे, लेकिन जैवलिन सही तरीके से उड़ नहीं रही थी. मुझे ठंडे मौसम में अच्छा प्रदर्शन करने में दिक्कत होती है. मैं गर्म मौसम पसंद करता हूं... क्योंकि मेरी रगों में भारतीय खून दौड़ता है.' उन्होंने मुस्कुराते हुए यह बात कही.

भारतीय जैवलिन की बढ़ती ताकत से खुश

नीरज ने भारतीय जैवलिन की नई पीढ़ी की भी जमकर तारीफ की. उन्होंने कहा, 'सबसे बड़ी खुशी यह है कि अगर मैं मैदान पर नहीं भी हूं या चोटिल हूं, तब भी अब हमारे पास अच्छे थ्रोअर हैं. यशवीर अब 85 मीटर के क्लब में पहुंच गया है. रोहित पहले ही 87 मीटर के करीब थ्रो कर चुका है, सचिन भी अच्छा कर रहा है. हमारे जूनियर खिलाड़ी लगातार बेहतर प्रदर्शन कर रहे हैं. यह देखकर बहुत खुशी होती है कि भारत में जैवलिन थ्रो तेजी से आगे बढ़ रहा है.'

पीएम ने भी दी बधाई

पीएम ने नीरज चौपड़ा के मेडल जीतने के बाद अपने एक्स हैंडल से पोस्ट किया. उन्होंने लिखा, ग्लासगो में पुरुषों के जैवलिन थ्रो इवेंट में नीरज चोपड़ा के लिए शानदार सिल्वर मेडल. उन्होंने एक बार फिर अपनी बेहतरीन निरंतरता, संयम और जज्बे का प्रदर्शन किया है. उनकी सफलता हर भारतीय को गर्व महसूस कराती है. साथ ही उन्हें आने वाले प्रयासों के लिए शुभकामनाएं दी.

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अभिजीत कुमार युवा पत्रकार हैं, जिन्हें खेल और खासकर क्रिकेट की दुनिया को करीब से समझने और उसकी अनकही कहानियों को पाठकों तक पहुंचाने का जुनून है. उन्होंने भारतीय जनसंचार संस्थान (IIMC), ढेंकानाल से पत्रकारिता एवं जनसंचार की पढ़ाई की है. अपने पेशेवर सफर में उन्होंने रिपोर्टिंग, सब-एडिटिंग, पेज डिजाइन और डिजिटल कंटेंट के क्षेत्र में काम किया है.

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