शुभ फल चाहिए तो वैशाख में न करें ये कार्य

Vaishakh Month 2025: ज्योतिष के अनुसार, वैशाख महीने में कुछ कार्यों से बचना आवश्यक है. यह माना जाता है कि इस अवधि में इन कार्यों को करने से पूजा का फल प्राप्त नहीं होता. आइए, जानते हैं कि वैशाख माह में किन चीजों से दूर रहना चाहिए.

Vaishakh Month 2025: हिंदू पंचांग के अनुसार, वैशाख महीना वर्ष का दूसरा महीना होता है, जो आमतौर पर अप्रैल और मई के बीच आता है. यह महीना धार्मिक और आध्यात्मिक दृष्टिकोण से अत्यधिक शुभ माना जाता है. इस दौरान सूर्य की किरणें पृथ्वी पर तीव्रता से पड़ती हैं, जिससे शरीर और मन पर विशेष प्रभाव पड़ता है. जबकि यह महीना पुण्य अर्जित करने के लिए सर्वोत्तम है, कुछ कार्यों से बचना अत्यंत आवश्यक समझा गया है. आइए जानते हैं वैशाख माह में किन कार्यों से दूर रहना चाहिए:

मांसाहार और शराब का सेवन

वैशाख माह में शरीर की पाचन क्षमता कमजोर होती है. इस स्थिति में मांसाहार और शराब का सेवन स्वास्थ्य के लिए हानिकारक हो सकता है. इसके अलावा, धार्मिक दृष्टिकोण से इसे अशुद्ध कर्म माना जाता है.

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क्रोध और विवाद से दूर रहें

इस महीने में मन और आत्मा की शुद्धि के लिए संयम बनाए रखना आवश्यक है. क्रोध, ईर्ष्या और झगड़ों से पुण्य का ह्रास होता है.

झूठ और धोखा

धर्मग्रंथों में उल्लेख है कि वैशाख मास में झूठ बोलना, धोखा देना और किसी को हानि पहुँचाना विशेष रूप से पाप माना जाता है.

अस्वच्छता

इस माह में पवित्रता बनाए रखना अत्यंत महत्वपूर्ण है. स्नान न करना, गंदे कपड़े पहनना या सफाई की अनदेखी करना अशुभ परिणाम लाता है.

तुलसी और पीपल का संरक्षण करें

हिंदू धर्म में तुलसी और पीपल को अत्यंत पवित्र माना जाता है. वैशाख माह के दौरान इन पौधों को काटना या उन्हें नुकसान पहुंचाना निषिद्ध है.

अधिक सोने से बचें

इस महीने सूर्योदय से पूर्व उठकर स्नान और पूजा करना शुभ माना जाता है. इस अवधि में देर तक सोना अनुचित समझा जाता है.

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By Shaurya Punj

शौर्य पुंज डिजिटल मीडिया में पत्रकार हैं और वर्तमान में प्रभातखबर.कॉम में डिजिटल कंटेंट राइटर के पद पर कार्यरत हैं. उन्हें न्यूज वर्ल्ड में 15 वर्षों से अधिक का अनुभव है. शौर्य खबरों की नब्ज को समझकर उसे आसान और प्रभावी भाषा में पाठकों तक पहुंचाने में माहिर हैं. साल 2008 में ग्रेजुएशन के दौरान उन्होंने दैनिक हिंदुस्तान, प्रभात खबर, दैनिक जागरण और तरंग भारती (हिंदी पाक्षिक समाचार पत्र) के लिए फ्रीलांसिंग की. वर्ष 2011 में उन्होंने दैनिक जागरण के टैब्लॉइड समाचार पत्र iNext में दो महीने की इंटर्नशिप की. इसी दौरान उन्हें प्रभात खबर के डिजिटल सेक्शन में काम करने का अवसर मिला. अप्रैल 2011 से उन्होंने प्रभातखबर.कॉम के एंटरटेनमेंट सेक्शन के लिए कार्य करना शुरू किया. उस समय उन्होंने बॉलीवुड फिल्म रिव्यू, बॉक्स ऑफिस बिजनेस और एंटरटेनमेंट गॉसिप जैसी खबरों पर काम किया. साल 2020 में कोरोना काल के दौरान उन्हें लाइफस्टाइल, धर्म-कर्म, एजुकेशन और हेल्थ जैसे नॉन-न्यूज सेक्शन में काम करने का अवसर मिला. उन्होंने लाइफस्टाइल कैटेगरी के कई महत्वपूर्ण सेक्शनों में योगदान दिया. Health & Fitness सेक्शन में डाइट, योग, वेट लॉस, मानसिक स्वास्थ्य और फिटनेस टिप्स से जुड़े उपयोगी कंटेंट पर कार्य किया. Beauty & Fashion सेक्शन में स्किन केयर, हेयर केयर, मेकअप और ट्रेंडिंग फैशन विषयों पर लेख तैयार किए. Relationship & Family कैटेगरी में पति-पत्नी संबंध, डेटिंग, पैरेंटिंग और दोस्ती जैसे विषयों पर जानकारीपूर्ण कंटेंट लिखा. Food & Recipes सेक्शन में हेल्दी फूड, रेसिपी और किचन टिप्स से संबंधित सामग्री विकसित की. Travel सेक्शन के लिए घूमने की जगहों, बजट ट्रिप और ट्रैवल टिप्स पर लेखन किया. Astrology / Vastu में राशिफल, वास्तु टिप्स और ज्योतिष आधारित कंटेंट पर काम किया. Career & Motivation सेक्शन में सेल्फ-इम्प्रूवमेंट, मोटिवेशन और पर्सनैलिटी डेवलपमेंट विषयों पर योगदान दिया. Festival & Culture सेक्शन में त्योहारों की परंपराएं, पूजा विधि और शुभ मुहूर्त से संबंधित कंटेंट पर कार्य किया. इसके अलावा Women Lifestyle / Men Lifestyle और Health Education & Wellness जैसे विषयों पर भी मर्यादित एवं जानकारीपूर्ण लेखन के माध्यम से योगदान दिया. साल 2023 से शौर्य ने पूरी तरह से प्रभातखबर.कॉम के धर्म-कर्म और राशिफल सेक्शन में अपना योगदान देना शुरू किया. इस दौरान उन्होंने दैनिक राशिफल, साप्ताहिक एवं मासिक भविष्यफल, पूजा-पाठ, व्रत-त्योहार, शुभ मुहूर्त, ज्योतिषीय उपाय, वास्तु टिप्स और धार्मिक मान्यताओं से जुड़ी खबरों पर विशेष फोकस किया. साथ ही पाठकों की रुचि को ध्यान में रखते हुए सरल, सहज और जानकारीपूर्ण धार्मिक कंटेंट तैयार करने पर लगातार कार्य किया. रांची में जन्मे शौर्य की प्रारंभिक शिक्षा डीएवी पब्लिक स्कूल, हेहल, रांची से हुई. इसके बाद उन्होंने सेंट जेवियर्स कॉलेज, रांची से मास कम्यूनिकेशन एण्ड वीडियो प्रोडक्शन में बी.ए. ऑनर्स की डिग्री प्राप्त की. यह शैक्षणिक पृष्ठभूमि उन्हें हिंदी पत्रकारिता की वह विशेषज्ञता प्रदान करती है, जो पत्रकारिता के मूल सिद्धांत 5Ws और 1H — क्या, कौन, कहां, कब, क्यों और कैसे — के आधार पर प्रभावी और तथ्यपूर्ण समाचार लेखन के लिए आवश्यक मानी जाती है.

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