रांची, जमशेदपुर, धनबाद जैसे अपेक्षाकृत विकसित शहरों में मोबाइल नेटवर्क दिनोंदिन बढ़ते ही जा रहे हैं, मगर ग्रामीण इलाकों की तरफ मोबाइल कंपनियाें का ध्यान न के बराबर है.
लातेहार जिला का महुआडांड अनुमंडल ऐसा ही इलाका है, जहां बीएसएनएल को छोड़ कर कोई मोबाइल कंपनी अपना नेटवर्क स्थापित नहीं कर रही है. गांवों में नेटवर्क का िवस्तार नहीं करने के पीछे कई कारण हो सकते हैं, लेकिन ऐसा करना असंभव भी नहीं है. आधुनिक समय में दूरसंचार प्रणाली विकास का पैमाना माना जा रहा है.
हाल के शिक्षक नियुक्ति प्रक्रिया में प्रशासन द्वारा इंटरनेट का भरपूर प्रयोग किया गया. ऐसे में यदि ग्रामीण इलाकों में मोबाइल नेटवर्क का विस्तार नहीं होता है, तो बेरोजगारों को समय पर रोजगार के मिलनेवाले अवसरों की महत्वपूर्ण जानकारी नहीं मिल सकेगी. अत: सरकार और माेबाइल कंपनियों से अनुरोध है कि वे गांवों की ओर भी ध्यान दें.
– रैमक्स टोप्पो, सिमडेगा
