नक्सलियों के चेहरे से उठ गया परदा

गुडाबंधा के जियान की दुष्कर्म पीड़िता नि:शक्त लुगनी को झारखंड सरकार द्वारा आर्थिक एवं सामाजिक सुरक्षा कानून के तहत सुविधाओं की सिफारिश, राज्य सरकार के कल्याणकारी मानवीय भावना को दर्शाता है. जिस नक्सली ने इसके साथ गलत कार्य किया वह अक्षम्य है. एक नि:शक्त नारी का अपमान कर नक्सली विचारधारा की मानसिकता का असली चेहरा […]

गुडाबंधा के जियान की दुष्कर्म पीड़िता नि:शक्त लुगनी को झारखंड सरकार द्वारा आर्थिक एवं सामाजिक सुरक्षा कानून के तहत सुविधाओं की सिफारिश, राज्य सरकार के कल्याणकारी मानवीय भावना को दर्शाता है.
जिस नक्सली ने इसके साथ गलत कार्य किया वह अक्षम्य है. एक नि:शक्त नारी का अपमान कर नक्सली विचारधारा की मानसिकता का असली चेहरा सामने आया. मामले को राज्य सरकार द्वारा तत्परता से संज्ञान में लिया जाना, वाकई काबिलेतारीफ है.
झारखंड के सुदूर अंचल जंगल-झाड़ में बसे सरल सीधे-साधे आदिवासियों के साथ नक्सलियों द्वारा शोषण करना आम है. नक्सली उन्हें सड़क, विद्यालय, चिकित्सा भवन आदि बुनियादी जरूरतों से महरूम रखते हैं.वे इसी की आड़ में सरकार के खिलाफ आम जनता में नफरत पैदा करते हैं. आखिर वे क्या चाहते हैं?
अभिषेक बड़ाइक, गुमला

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