हमें बिजली संकट से भी मिले आजादी

आज पूरे देश में आजादी दिवस मनाया जा रहा है, मगर झारखंड के कई इलाकों लोग आज भी अंधेरे में जीने को विवश हैं. शहरी इलाकों में तो कभी-कभार ‘बिजली महारानी’ का दर्शन हो जाता है, लेकिन ग्रामीण इलाकों में तो उनका दर्शन ही दुर्लभ है. हालांकि, राज्य सरकार यहां के निवासियों को पूरे 24 […]

आज पूरे देश में आजादी दिवस मनाया जा रहा है, मगर झारखंड के कई इलाकों लोग आज भी अंधेरे में जीने को विवश हैं. शहरी इलाकों में तो कभी-कभार ‘बिजली महारानी’ का दर्शन हो जाता है, लेकिन ग्रामीण इलाकों में तो उनका दर्शन ही दुर्लभ है.
हालांकि, राज्य सरकार यहां के निवासियों को पूरे 24 घंटे बिजली देने का दावा कर रही है, लेकिन उसका यह दावा ग्रामीण क्षलाकों तक पहुंचते-पहुंचते कमजोर पड़ जाता है. इसका सबसे बड़ा कारण विभाग में कर्मचारियों के पदों का रिक्त होना भी है.
वर्षो से ग्रामीण अंचल के बिजली कार्यालयों में कर्मचारियों और अधिकारियों के पद रिक्त हैं. जब तक इन पदों को भरा नहीं जाता है, सुचारु रूप से बिजली की आपूर्ति संभव नहीं है. सरकार को चाहिए कि वह ग्रामीण क्षेत्र के लोगों को बिजली संकट से आजादी दिलाने की दिशा में काम करें.
दूबराज मुर्मू, घाटशिला

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