संसद की गरिमा बनाये रखें नेता

देश का विपक्ष जिस प्रकार पूरे सत्र सुषमा स्वराज के इस्तीफे की मांग पर अड़ा रहा, उससे केवल संसद का समय बर्बाद हुआ और दूसरा कोई नतीजा नहीं निकला. संसद को ठप करने को लेकर कांग्रेस का तर्क यह रहा कि जब भाजपा विपक्ष में थी, तब उसने भी बाधा डाली थी. लेकिन एक गलती […]

देश का विपक्ष जिस प्रकार पूरे सत्र सुषमा स्वराज के इस्तीफे की मांग पर अड़ा रहा, उससे केवल संसद का समय बर्बाद हुआ और दूसरा कोई नतीजा नहीं निकला. संसद को ठप करने को लेकर कांग्रेस का तर्क यह रहा कि जब भाजपा विपक्ष में थी, तब उसने भी बाधा डाली थी.
लेकिन एक गलती के कारण दूसरे की गलती को सही नहीं बनाया जा सकता. सत्र के दौरान संसद ठप रहने से जनता की गाढ़ी कमाई की बर्बादी हुई है. संसद सत्र को ठप करनेवाले सारे सांसदों को इस पर विचार करना चाहिए, ताकि आगे फिर ऐसा न हो.
सत्ता पक्ष और विपक्ष दोनों को संवाद कायम कर संसद की गरिमा बनाये रखनी चाहिए, ताकि संसद की सुरक्षा आदि में होनेवाले खर्च बेकार जाने के बजाय उसका सदुपयोग हो. आखिर उनकी भी तो देश के प्रति कोई जिम्मेदारी है. देश की जनता ने उन्हें निर्वाचित करके भेजा है.
सोनू, चतरा

प्रभात खबर डिजिटल प्रीमियम स्टोरी

लेखक के बारे में

By Prabhat Khabar Digital Desk

यह प्रभात खबर का डिजिटल न्यूज डेस्क है। इसमें प्रभात खबर के डिजिटल टीम के साथियों की रूटीन खबरें प्रकाशित होती हैं।

संबंधित खबरें >

यह भी पढ़ें >