किसी के पक्ष में हाय-तौबा कितनी सही

भारत के महान क्रिकेटर सुनील गावस्कर, दिलीप वेंगसरकर को एक बार भूल से ही सही, लेकिन सचिन तेंडुलकर, सौरभ गांगुली, राहुल द्रविड़, वीवीएस लक्ष्मण आदि के क्रिकेट कैरियर पर भी गौर करना चाहिए.उपरोक्त सभी खिलाड़ी जब तक खेलते रहे, तो भारतीय टीम एक स्तंभ के रूप में विश्वविख्यात थी, लेकिन समय आया, तो एक-एक करके […]

भारत के महान क्रिकेटर सुनील गावस्कर, दिलीप वेंगसरकर को एक बार भूल से ही सही, लेकिन सचिन तेंडुलकर, सौरभ गांगुली, राहुल द्रविड़, वीवीएस लक्ष्मण आदि के क्रिकेट कैरियर पर भी गौर करना चाहिए.उपरोक्त सभी खिलाड़ी जब तक खेलते रहे, तो भारतीय टीम एक स्तंभ के रूप में विश्वविख्यात थी, लेकिन समय आया, तो एक-एक करके सभी ने संन्यास ले लिया. समय के साथ इन सभी खिलाड़ियों ने क्रिकेट के तीनों प्रारूपों में खेलना बंद कर दिया.
इसके लिए परिस्थितियां चाहे कैसी भी क्यों न रही हों, इन खिलाड़ियों ने संन्यास लेने में देर नहीं की. क्रिकेट के शिखर पर रहने के बावजूद हर खिलाड़ी के जीवन में एक न एक दिन ऐसा समय जरूर आता है. क्रिकेट की दुनिया में खिलाड़ी आते-जाते रहेंगे, लेकिन किसी एक को लेकर हाय-तौबा मचाना उचित नहीं है.
किशन अग्रवाल, रांची

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