मौकापरस्तों पर हो कानूनी नकेल

चुनाव आते ही छोटे-बड़े कुछ नेताओं का ‘दलबदल’ रूप दिख जाता है. विधायक, सांसद और मंत्री रहे इन नेताओं का अचानक अपने विचार में बदलाव बहुत संदेहास्पद है. यह निश्चित रूप से लोभ, लालच या मौकापरस्ती स्वभाव को दर्शाता है, जो किसी जिम्मेदार राष्ट्र के लिए गंभीर विषय है. जनता के प्रतिनिधि का पार्टी बदलने […]

चुनाव आते ही छोटे-बड़े कुछ नेताओं का ‘दलबदल’ रूप दिख जाता है. विधायक, सांसद और मंत्री रहे इन नेताओं का अचानक अपने विचार में बदलाव बहुत संदेहास्पद है. यह निश्चित रूप से लोभ, लालच या मौकापरस्ती स्वभाव को दर्शाता है, जो किसी जिम्मेदार राष्ट्र के लिए गंभीर विषय है.
जनता के प्रतिनिधि का पार्टी बदलने को अपराध की श्रेणी में मानकर इस पर अतिजल्द प्रतिबंध लगना चाहिए. केंद्र और राज्य की सरकारों को इसके प्रतिबंध के लिए कड़े कानून बनाने चाहिए. सरकार से आग्रह है कि दलबदलुओं पर त्वरित कानून बनाकर उस नेता और दल दोनों पर कार्रवाई की व्यवस्था करे. साथ ही कोर्ट को भी इस मुद्दे पर स्वतः संज्ञान लेनी चाहिए, ताकि भारत का लोकतंत्र एक पारदर्शी सरकार बनाकर देश को मजबूत राष्ट्र की ओर ले जा सके. इन मौकापरस्त नेताओं पर कानूनी नकेल बहुत जरूरी है.
कमल महतो, रांची

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