अंबाला में जन्मी सुषमा स्वराज की स्वर्ग यात्रा के साथ राजनीति से लेकर विधि व्यवसाय तक और सामाजिक चेतना से लेकर राष्ट्रीय प्रतिबद्धता तक एक नहीं, कई युगों का अंत हो गया. उनकी आवाज, तर्कशक्ति, ज्ञान और मेधा से सुप्रीम कोर्ट भी मंत्रमुग्ध रह जाया करता था! इस कोर्ट में वह अधिवक्ता भी रहीं. इसी कोर्ट के अधिवक्ता साथी को जीवन साथी बनाया.
हरियाणा सरकार में सबसे कम उम्र की मंत्री बनीं. भारतीय जनता पार्टी की पहली महिला प्रवक्ता, वाजपेयी सरकार में पहली महिला मंत्री, दिल्ली की पहली महिला मुख्यमंत्री, देश की पहली पूर्णकालिक महिला विदेश मंत्री, संयुक्त राष्ट्र संघ में हिंदी में भाषण देनेवाली पहली महिला, लोकसभा में विपक्ष की नेत्री और दो राज्यों में मंत्री पद संभालनेवाली पहली महिला यानी उपलब्धियों की लंबी सूची. वह अपने पीछे भारत ही नहीं, पूरी दुनिया के लोगों के मन में अमिट छाप छोड़ गयी. उनकी आवाज के कद्रदान उन्हें हमेशा ही चाहते रहेंगे.
डॉ सदानंद पॉल, मनिहारी, कटिहार
