ठगे गये झारखंड के युवा

स्थायी सरकार बनाने में झारखंड के युवाओं ने अपनी अहम भूमिका निभायी थी. उम्मीद थी 14 साल के बाद झारखंड में बनी स्थिर सरकार हर क्षेत्र में विकास की एक नयी गाथा लिखेगी. वैसे देखें, तो प्रत्येक क्षेत्र में काफी विकास हुआ है और इसके लिए झारखंड सरकार बधाई योग्य हैं, लेकिन शिक्षा के क्षेत्र […]

स्थायी सरकार बनाने में झारखंड के युवाओं ने अपनी अहम भूमिका निभायी थी. उम्मीद थी 14 साल के बाद झारखंड में बनी स्थिर सरकार हर क्षेत्र में विकास की एक नयी गाथा लिखेगी.
वैसे देखें, तो प्रत्येक क्षेत्र में काफी विकास हुआ है और इसके लिए झारखंड सरकार बधाई योग्य हैं, लेकिन शिक्षा के क्षेत्र में स्थिति बदतर बनी हुई है, जबकि सबको पता है कि शिक्षा के बिना विकास संभव नहीं है. टेट पास अभ्यर्थी आस लगाये बैठे हैं कि बहाली कब होग? झारखंड गठन के बाद कॉलेजों में शिक्षकों की नियुक्ति सिर्फ एक बार हुई, वह भी घोटाले के साथ.
हाइस्कूल की बहाली में विलंब से आशंका हो रही है और हद तो तब हो गयी, जब +2 शिक्षक की बहाली में राजनीति विज्ञान विषय की रिक्ति नहीं दी गयी और सामान्य श्रेणी से 65%से 75%तक झारखंड से बाहर के युवाओं को लिया गया है, जबकि अन्य राज्यों में 2% से 5% तक बाहर के युवाओं को लिया जाता है. सरकार को +2 शिक्षक बहाली को रद्द कर नये सिरे से बहाली करनी चाहिए, ताकि झारखंड के युवाओं को न्याय मिल सके.
अनंत कुमार आजाद, गोड्डा

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