आजकल जिस तरह से चौक-चौराहों पर दोपहिया, तीन पहिया वाहनों की जांच की जा रही है, जमशेदपुर की पुलिस व प्रशासन बधाई के पात्र हैं.
इस जांच से हथियार, बिना कागजात की गाड़ियां, चोरी की गाड़ियां, हेलमेट के उपयोग न करना, इस तरह की गलतियां पकड़ में आती हैं. इस तरह की जांच बराबर और निरंतर चलते रहना चाहिए. सभ्य समाज के सभ्य नागरिकों की पहचान होती है कि वे इस तरह की जांच के दौरान पुलिस को सहयोग करें, न कि जांच स्थल से कुछ ही दूर पहले रुक जाएं या भाग जाएं. दूसरों की आलोचना करने से पहले खुद के अंदर भी झांक लेना चाहिए.
तीन पहिया वाहनों की स्थिति ऐसी है कि हर दिन कितने ही यात्री, खास कर स्कूल के बच्चे जान जोखिम में डाल कर ऑटो की सवारी करते हैं. अनुभवहीन या नाबालिग चालक का होना भी एक कारण है. जमशेदपुर पुलिस अपना काम करती रहे, यहां के नागरिकों का सहयोग सदा मिलता रहेगा.
एल शेखर राव, जुगसलाई, जमशेदपुर
