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shiekhpura

  • Mar 19 2019 6:12AM

बिजली बिल सुधारने को लेकर कार्यालय

 अरियरी : घर-घर विद्युत कनेक्शन से जहां आम लोगों में खुशियों की रोशनी जगमगा उठी है. वहीं चंद महीने बाद ही बिजली बिल नये लोगों के आंखों की नींद उड़ा रखी है. 

 
अरियरी प्रखंड के लगभग आधे दर्जन गांव में बिजली बिल की यह गड़बड़ी बढ़ती जा रही है. बिजली बिल में गड़बड़ी को लेकर जहां पिछले सप्ताह ग्रामीणों ने सड़क मार्ग को जाम कर जमकर अपना आक्रोश प्रकट किया था. वहीं अब आर-पार की लड़ाई के मूड में आ गये हैं. 
 
ग्रामीणों ने वर्तमान विद्युत व्यवस्था से तंग आकर मीटर बिजली कनेक्शन विभाग के कार्यालय में सामूहिक रूप से जमा करने का फैसला लिया है. ग्रामीणों ने इसके लिए विभाग के अधिकारियों को एक सप्ताह भर का मौका दिया है. एक सप्ताह के अंदर अगर विद्युत विपत्र में सुधार नहीं किया गया, तब निश्चित तौर पर ही ग्रामीण मीटर विद्युत विभाग के कार्यालय में जमा करेंगे. वहीं खुद को विद्युत व्यवस्था से दूर कर लेंगे.
 
आधे दर्जन गांव में हैं ये हालात: विद्युत विपत्र में गड़बड़ी का यह मामला अरियरी प्रखंड के भोजडीह, भोजडीह गढ़पर, देवपुरी, मनकौल, चांदी, सनैया, हनुमानगंज समेत अन्य गांव शामिल है. दरअसल इस गांवों में विद्युत उपभोक्ताओं को एक साल से छह माह के अंतराल में 19 हजार अधिकतम एवं न्यूनतम 4000 का विद्युत विपत्र भेजा गया है. 
 
इन विद्युत उपभोक्ताओं में अधिकांश वैसे परिवार हैं, जो गरीबी रेखा के अंतर्गत आते हैं. ग्रामीणों ने बताया कि विद्युत विभाग के द्वारा कनेक्शन तो दिया गया. लेकिन नियमित समय पर विद्युत विपत्र नहीं दिया जा रहा था. लेकिन फरवरी माह में जब उक्त ग्रामीणों को चिह्नित कर विद्युत विपत्र दिया गया, तब इतनी बड़ी राशि देखकर लोगों के आंखों की नींद उड़ गयी है.
 
रोड जाम के बाद भी नहीं हुई कार्रवाई : पिछले सप्ताह 13 मार्च को शेखपुरा-शाहपुर सड़क मार्ग को ग्रामीणों के द्वारा ठप कर दिया गया था. इस दौरान भोजडीह एवं गढ़पर के ग्रामीण ने घंटों उक्त सड़क मार्ग को ठप रखा. सड़क जाम के बाद वरीय अधिकारियों ने विभागीय अधिकारियों पर शिकंजा कसना शुरू किया, तब विभाग के कनीय अभियंता निर्मल कुमार के द्वारा विद्युत उपभोक्ताओं के डोर-टू-डोर निरीक्षण किया गया. 
 
इस दौरान विद्युत बिल में सुधार करने की भी बात कहीं गई. लेकिन अब तक इस दिशा में कोई कार्रवाई नहीं की जा सकी. विद्युत विपत्र में सुधार तो दूर लेकिन लगातार अधिक राशि के विद्युत विपत्र ग्रामीणों को दिया जा रहा है.
 
ग्रामीणों में आक्रोश: विद्युत विपत्र में गड़बड़ी का दंश झेल रहे मनकौल गांव निवासी उदय कुमार को तीन माह के अंतराल में छह हजार का बिजली बिल दिया गया है. 
 
इसी प्रकार जितेंद्र कुमार को चार माह में सात हजार, गजाधर प्रसाद को चार माह में पचासी सौ रुपये, रामवृक्ष महतो को चार माह में 66 सौ रुपये, रामचरित्र महतो तीन माह में 11 हजार रुपये, भोजडीह गढ़पर निवासी प्रमीला देवी को नौ माह में 14314 रुपये समेत अन्य विद्युत उपभोक्ताओं के विपत्र में गड़बड़ी पाया जा रहा है. 
 
ग्रामीणों ने साफ लहजे में कहा कि समय रहते अगर विद्युत विपत्र में संशोधन नहीं किया गया. तब सामूहिक रूप से सभी ग्रामीण बिजली मीटर उखाड़कर कनेक्शन समेत विभाग को लौटा देने का काम करेंगे.
 
मीटर को बाइपास कर बिजली जला रहे तीन लोगों पर  प्राथमिकी
शेखपुरा. विद्युत मीटर बाइपास कर विभाग के राजस्व को चूना लगा रहे तीन उपभोक्ताओं के विरुद्ध आदर्श थाने में प्राथमिकी दर्ज करायी गयी है. इस बाबत विद्युत विभाग के कनीय अभियंता राजीव कुमार सिंह ने थाने में प्राथमिकी दर्ज करायी. 
 
कनीय अभियंता ने बताया कि शहर के जमालपुर मोहल्ले में यासमीन खातून के विरुद्ध विद्युत चोरी के मामले में 14889 रुपये  दूसरे विद्युत उपभोक्ता मोहम्मद खुशुद के विरुद्ध 16753रुपये का विद्युत चोरी करने एवं तीसरे उपभोक्ता मोहम्मद गोल्डेन को सबसे अधिक 49251 रुपये का विद्युत चोरी मामलों में उपभोक्ताओं को नामजद अभियुक्त बनाया गया है. उन्होंने बताया कि लंबे समय से यह तीनों उपभोक्ता मीटर को बाइपास कर बिजली जला रहे थे.
 
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