Advertisement

patna

  • May 16 2019 3:45AM

काम में लापरवाही पर गवर्नर ने चार अधिकारियों को हटाया

 पटना : राज्यपाल लालजी टंडन की अध्यक्षता में बुधवार को बाबा साहेब  भीमराव आंबेडकर बिहार विवि, मुजफ्फरपुर के कार्यों की समीक्षा हुई, जिसमें शैक्षणिक व प्रशासनिक गतिविधियां असंतोषजनक पायी गयीं. इस कारण राज्यपाल ने विवि के  चार अधिकारियों को तुरंत पदमुक्त करने का निर्देश कुलपति को दिया. 

 
उन्होंने कहा कि लापरवाही करनेवाले अधिकारियों के विरुद्ध सख्त  अनुशासनिक कार्रवाई की जायेगी. टंडन ने कहा कि उच्च शिक्षा के विकास में एकेडमिक कैलेंडर का अनुपालन, नैक प्रत्ययन, यूएमआइएस, डिजीटलीकरण की प्रक्रिया तेज करने जैसे कार्य प्राथमिकताओं में हैं. लापरवाही बर्दाश्त नहीं होगी. 
 
नैक एक्रिडेशन कार्य में लापरवाही, प्राचार्यों पर भी होगी कार्रवाई : समीक्षा में स्पष्ट हुआ कि आरडीएस कॉलेज मुजफ्फरपुर, आरबीबीएम कॉलेज मुजफ्फरपुर, एमएस  कॉलेज मोतिहारी, एमजेके कॉलेज बेतिया, जीवछ कॉलेज मोतीपुर, समता कॉलेज  जंदाहा तथा आरएसएस महिला कॉलेज, सीतामढ़ी ने नैक प्रत्ययन के लिये आइआइक्यूए व एसएसआर दाखिल नहीं किया है. लापरवाह अधिकारियों के प्रति अविलंब कार्रवाई  का आदेश विश्वविद्यालय के कुलपति को दिया गया.  
 
इनको मिली नयी जिम्मेदारी
राज्यपाल के अनुमोदन के आलोक में बीआरएबीयू के नये  परीक्षा नियंत्रक के रूप में प्रो मनोज कुमार (विवि स्नातकोत्तर  संस्कृत विभाग), सीसीडीसी के रूप में डॉ अमिता शर्मा (भौतिकी विभाग),  महाविद्यालय निरीक्षक (विज्ञान) के रूप में प्रो मो नसीम (विवि  स्नातकोत्तर वनस्पति विज्ञान विभाग) तथा महाविद्यालय निरीक्षक (कला एवं  वाणिज्य) के रूप में डॉ प्रमोद कुमार (एसोसियेट प्रोफेसर, हिंदी, एलएस  कॉलेज, मुजफ्फरपुर) को नियुक्त कर दिया गया है.
 
राज्यपाल ने दिया निर्देश
चार हजार मूल प्रमाणपत्रों को शीघ्र  वितरित करने का निर्देश था, जो नहीं हो पाया. राज्यपाल ने सभी प्रमाणपत्रों को  अविलंब संबंधित विद्यार्थियों के बीच वितरित करने को कहा. 
 
कार्यकारी एजेंसी का चयन नहीं होने से विद्यार्थियों के ऑनलाइन नामांकन की प्रक्रिया बाधित होने की आशंका है. जल्द कराने का निर्देश दिया गया.  
 
857 गेस्ट फैकल्टी की नियुक्ति व बायोमीटरिक  उपस्थिति की समीक्षा की दिशा में भी तत्परता संतोषजनक नहीं है. जल्द सुधार किया जाये. 
 
राज्यपाल ने विवि प्रशासन द्वारा 115 सेवानिवृत्त शिक्षकों एवं  कर्मियों को अबतक ‘नो ड्यूज’ उपलब्ध नहीं कराने पर नाराजगी व्यक्त की है.  
 
Advertisement

Comments

Advertisement