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monghyr

  • Jul 17 2019 7:17AM
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अपराधी करते रहे फायरिंग, स्टेशन के कमरे में बंद होकर पुलिसकर्मियों ने बचायी जान

  •  मुंगेर स्टेशन पर अपराधियों की सत्ता, सुरक्षा पर उठ रहे सवाल
  • तीन माह पूर्व भी अपराधियों ने जीआरपी के एएसआइ गणेश राम को पीट कर किया था घायल 
  • आरपीएफ पोस्ट में तैनात जवान का नहीं था अता-पता, आठ लाठी बल के सहारे है स्टेशन और यात्रियों की सुरक्षा  
  • 20 से 22 वर्ष के चार अपराधियों ने दिया घटना को अंजाम 
मुंगेर : मुंगेर रेलवे स्टेशन पर सोमवार की मध्य रात्रि लूट-पाट एवं फायरिंग की घटना ने स्टेशन की सुरक्षा व्यवस्था की पोल खोल दी है. घटना के दौरान स्टेशन की सुरक्षा में तैनात 8 जीआरपी के निहत्थे जवान अपनी जान बचाने के लिए यात्रियों को छोड़ कर कमरे में बंद हो गये. 
 
जबकि अपराधी स्टेशन में लगभग एक घंटे तक उत्पात मचाता रहा. बताया जात है कि तीन माह पूर्व भी अपराधियों ने स्टेशन पर जीआरपी के एएसआई गणेश राम को पीट-पीट कर घायल कर दिया था. 
 
अपराधियों ने किया गोलीबारी, गोली लगने से एक जख्मी :  रात लगभग 1:30 बजे अपराधियों ने यात्रियों के साथ छिनतई की घटनाओं को अंजाम दिया. छिनतई का विरोध करने पर गोलीबारी की. 
 
अपराधियों की गोली से तारापुर थाना क्षेत्र के लौना परसा निवासी रितेश रंजन घायल हो गया. गोली उसके सीने में लगी है. इतना ही नहीं अपराधी प्लेटफॉर्म से उतर कर बुकिंग काउंटर के समीप भी यात्रियों से छिनतई किया और पिस्तौल की बट एवं बेल्ट से यात्रियों की पिटाई की. 
 
जिसमें बेगूसराय जिले के साहेबपुर कमाल थाना क्षेत्र के गाजो यादव उर्फ गजेंद्र यादव, लखीसराय जिले के कजरा थाना क्षेत्र के पूनाडीह निवासी दीपक कुमार यादव सहित आधे दर्जन यात्री घायल हो गये. अपराधियों की गोलीबारी एवं पिटाई से यात्री चीखते चिल्लाते रहे. लेकिन उसे बचाने के लिए कोई नहीं आया. अपराधियों से बचने के लिए बुकिंग क्लर्क काउंटर को बंद कर कमरे में छिप गया. 
 
कमरे में बंद होकर पुलिसकर्मियों ने बचायी जान : घटना के दौरान यात्रियों के चीखने चिल्लाने पर रेल पुलिस के जवान प्लेट फॉम पर गये. लेकिन अपराधियों ने जवानों पर भी गोलीबारी कर खदेड़ना शुरू कर दिया. यात्रियों के साथ ही जवान प्लेटफॉर्म से भागने लगा. जवान भाग कर अपने आप को कमरे में बंद कर लिया. 
 
बावजूद इसके अपराधियों ने जवानों के कमरे पर भी गोलीबारी एवं पथराव किया. कहा जाता है कि जवान इतने दहशत में थे कि अपराधियों के जाने के बाद भी कमरा नहीं खोल रहा था. इतना ही नहीं जाते समय अपराधियों ने स्टेशन के अंतिम छोर पर आरपीएफ पोस्ट पर भी धावा बोला. 
 
लेकिन वहां कोई नहीं मिला. किंतु रेलवे लाइन में इलेक्ट्रिफिकेशन का कार्य कर रहे ठेकेदार का मजदूर लखीसराय जिले के कजरा थाना क्षेत्र के पूनाडीह निवासी दीपक कुमार यादव आरपीएफ पोस्ट के पास सोया हुआ था. उसकी भी अपराधियों ने जम कर पिटाई की. जिसमें उसका सिर फट गया. 
 
जीआरपी थानाध्यक्ष ने लिया जायजा :  जीआरपी जमालपुर थाना से मुंगेर रेलवे स्टेशन की दूरी मात्र 8 किलोमीटर है. घटना सोमवार की रात लगभग 1:30 बजे घटित हुई और रात में ही इसकी सूचना जीआरपी थाना जमालपुर को दी गयी. लेकिन जमालपुर से जीआरपी पुलिस को मुंगेर पहुंचने में लगभग 11 घंटे का वक्त लग गया. तब तक मुंगेर रेलवे स्टेशन पर रात ड‍्यूटी में तैनात जवान रुके रहे.
 
 मंगलवार को दोपहर जीआरपी जमालपुर के थानाध्यक्ष कामेश्वर सिंह दलबल के साथ मुंगेर स्टेशन पहुंचे और घटनास्थल का जायजा लिया. साथ ही ड‍्यूटी पर तैनात हवलदार श्याम यादव से घटना के बारे में विस्तृत जानकारी ली. ड‍्यूटी पर तैनात हवलदार श्याम यादव के चेहरे पर मंगलवार की सुबह भी दहशत दिखाई दे रहा था.
 
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