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Economy

  • Aug 24 2019 5:06PM
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'यूएई-भारत के बीच द्विपक्षीय संबंधों का यह अब तक का सबसे अच्छा दौर'

'यूएई-भारत के बीच द्विपक्षीय संबंधों का यह अब तक का सबसे अच्छा दौर'

अबुधाबी : प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने कहा है कि भारत और संयुक्त अरब अमीरात के द्विपक्षीय संबंध अब तक के अपने अच्छे दौर में हैं. उन्होंने कहा कि यह रिश्ता चार साल में क्रेता-विक्रेता के रिश्ते से बढ़ कर विस्तृत रणनीतिक भागीदार का रूप ले चुका है. उन्होंने यूएई की आधिकारिक समाचार एजेंसी डब्ल्यूएएम को दिये एक साक्षात्कार में कहा कि भारत को पांच हजार अरब डॉलर की अर्थव्यवस्था बनने का लक्ष्य पाने की दिशा में यूएई के रूप में एक मूल्यवान भागीदार मिला है. मोदी तीन देशों की यात्रा के दौरान फ्रांस के बाद शुक्रवार को यहां पहुंचे.

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उन्होंने कहा कि भारत ने 2024-25 तक पांच हजार अरब डॉलर की अर्थव्यवस्था बनने का महत्वाकांक्षी लक्ष्य तय किया है, जिसे हासिल किया जा सकता है. हमने अगले पांच साल में करीब 1,700 अरब डॉलर का निवेश आकर्षित करने का लक्ष्य रखा है. इसे हासिल करने के लिए सरकार घरेलू के साथ ही विदेशी निवेश को आकर्षित करने पर काम कर रही है. मोदी ने कहा कि पिछले चार साल में यूएई की उनकी इस तीसरी यात्रा से द्विपक्षीय संबंधों के विस्तार के आवेग को बनाये रखने की दोनों देशों की भावना का पता चलता है.

उन्होंने कहा कि हम आपसी फायदेमंद भागीदारी के जरिये पांच हजार अरब डॉलर की अर्थव्यवस्था बनने का लक्ष्य पाने में यूएई को महत्वपूर्ण भागीदार मानते हैं. उन्होंने कहा कि दोनों देशों के आपसी संबंधों का अब तक का यह सबसे अच्छा दौर है. भारत में विभिन्न क्षेत्रों में यूएई का निवेश लगातार बढ़ रहा है. मोदी ने कहा कि भारत में अक्षय ऊर्जा, खाद्य, बंदरगाह, हवाईअड्डा, रक्षा विनिर्माण समेत कई अन्य क्षेत्र हैं, जिनमें निवेश को लेकर दिलचस्पी बढ़ रही है. बुनियादी संरचना और आवास जैसे क्षेत्रों में यूएई का निवेश बढ़ रहा है.

उन्होंने कहा कि वित्त वर्ष 2018-19 में 60 अरब डॉलर के द्विपक्षीय व्यापार के साथ यूएई हमारा तीसरा सबसे बड़ा व्यापार भागीदार है. हमारे देश की कई कंपनियां यहां निवेश कर रही हैं. दोनों देश भारत में यूएई के 75 अरब डॉलर के निवेश की प्रतिबद्धता को अमल में लाने के लिए मिलकर काम कर रहे हैं. मोदी ने स्थानीय अखबार खलीज टाइम्स को दिये एक अन्य साक्षात्कार में कहा कि विभिन्न देशों के साथ संबंधों को मजबूत बनाना मेरी सरकार की विदेश नीति की प्राथमिकताओं में से एक रहा है. पिछले पांच साल में यूएई के साथ आपसी तालमेल और प्रतिबद्धता से हम काफी आगे निकल आये हैं.

उन्होंने कहा कि संयुक्त अरब अमीरात के साथ महज क्रेता और विक्रेता का संबंध पिछले चार साल में विस्तृत रणनीतिक भागीदारी में बदल चुका है. मोदी ने अबुधाबी के युवराज शेख मोहम्मद बिन जायेद के साथ संबंधों के बारे में कहा कि युवराज और मैं दोनों एक-दूसरे को भाई के जैसा मानते हैं. हमारे बीच बड़े भरोसे और सम्मान का संबंध है. मेरा मानना है कि हम दोनों के बीच शानदार संबंध दोनों देशों के संबंधों की सही क्षमता का दोहन कर पाने की दिशा में एक महत्वपूर्ण कारक है.

यूएई का सर्वोच्च नागरिक सम्मान ‘ऑर्डर ऑफ जायेद' दिये जाने के बारे में मोदी ने कहा कि यह सम्मान मिलने से मैं काफी सम्मानित महसूस कर रहा हूं. यह हमारी बढ़ती भागीदारी का सबूत है और 1.30 अरब भारतीय लोगों का सम्मान है. मोदी अबुधाबी के बाद बहरीन जायेंगे, जहां वह शेख हमद बिन ईसा अल खलीफा के साथ बातचीत करेंगे. मोदी वहां से जी7 शिखर सम्मेलन में भाग लेने के लिए रविवार फिर फ्रांस लौट जायेंगे.

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