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  • Feb 4 2019 4:05AM

कोलकाता : जनता को धोखा दे रही हैं केंद्र व राज्य की सरकारें : विमान

कोलकाता :  जनता को धोखा दे रही हैं केंद्र व राज्य की सरकारें : विमान

 कोलकाता : एक डाली के दो फूल, भाजपा और तृणमूल. रविवार को ब्रिगेड सभा में यह बात कह राज्य में वाममोर्चा के चेयरमैन विमान बसु ने दोनों दलों की नीति को समान बताया है. आरोप के अनुसार उनकी नीति जनहित में नहीं है. जो काम देश में भाजपा कर रही है, उसी काम का अनुसरण राज्य में तृणमूल कांग्रेस कर रही है.

देश में लोकतंत्र की हत्या हो रही है, ठीक राज्य में भी ऐसी स्थिति है. जिसकी नीति जनहित में नहीं है, जो बेरोजगारों को रोजगार का मौका नहीं देते, सभी के लिए शिक्षा की व्यवस्था नहीं करते, ऐसे सरकार के खिलाफ वामपंथी हमेशा रहेंगे. ब्रिगेड सभा में उमड़ा जनसैलाब इस बात का सबूत है कि केंद्र व राज्य सरकार के खिलाफ अवाम का एक बड़ा हिस्सा है.

श्री बसु ने कहा है कि तृणमूल कांग्रेस का हाथ पकड़ कर ही भाजपा और आरएसएस पश्चिम बंगाल में अपनी जड़ें मजबूत करने की कोशिश में हैं. लेकिन राज्यवासी उनकी हकीकत अच्छी तरह से जानते हैं. उन्होंने 'भाजपा हटाओ देश बचाओ, तृणमूल हटाओ बंगाल बचाओ' के नारे के साथ पूरे देश में वामपंथी आंदोलन जारी रखने का आह्वान किया है. 

देश से भाजपा व राज्य से तृणमूल को हटाना होगा : क्षिति गोस्वामी
कोलकाता. ब्रिगेड सभा में आरएसपी के प्रदेश महासचिव क्षिति गोस्वामी ने कहा है कि बंगाल में धर्म और जाति के नाम पर वोट नहीं होता है. भाजपा राज्य में घृणा और भेदभाव की राजनीति कर रही है. नोटबंदी के कारण 86 फीसदी लोग प्रभावित हुए हैं. देश में जबरदस्ती जीएसटी लगाया गया है. इससे देश के निम्न-मध्यम वर्ग के कारोबारी क्षति हुए हैं.
 
उन्होंने कहा कि भाजपा सरकार ‘मेक इन इंडिया’ की बात कहती है, लेकिन पांच वर्षों में कोई बड़ा निवेश नहीं हुआ है. प्रधानमंत्री केवल झूठे वादे कर जनता को धोखा दिये हैं. उन्होंने कहा कि भाजपा राम मंदिर मुद्दा को जीवित रख कर सांप्रदायिक तनाव पैदा कर रही है. उन्होंने राज्य की तृणमूल कांग्रेस सरकार पर निशाना साधते हुए कहा कि राज्य सरकार विकास की बातें कर रही हैं, लेकिन केवल दिखावा किया जा रहा है. देश से भाजपा व राज्य से तृणमूल को हटाना होगा.
 
 क्योंकि दोनों ही सरकारें भ्रष्टाचार को बढ़ावा दे रही हैं. उन्होंने कहा कि वामपंथी समर्थकों को रोकने की कोशिश की गयी,  लेकिन ब्रिगेड लाल झंडे से भर गया है. श्री गोस्वामी ने वामपंथी समर्थकों से गणतंत्र की रक्षा करने का आह्वान करते हुए भाजपा और तृणमूल को परास्त करने का आह्वान किया.
 
अगर लाल समुद्र के बहाव को रोका, तो आयेगी सूनामी : सलीम
लाल समुद्र के बहाव को रोका, तो बंगाल ही नहीं पूरे देश में सूनामी आयेगी. जैसे ही ब्रिगेड सभा में माकपा पोलित ब्यूरो के सदस्य व सांसद मोहम्मद सलीम ने यह बात कही, तालियों की गड़गड़ाहट पूरे ब्रिगेड परेड मैदान में गूंज उठी. उन्होंने सभा में समर्थकों के हुजूम का प्रशंसा करते हुए भाजपा नीत केंद्र सरकार और तृणमूल कांग्रेस नीत राज्य सरकार को एक तरह से चेतावनी दी है कि वामपंथियों और उनके जनहित आंदोलन को यदि प्रभावित करने की कोशिश की गयी, तो उन्हें व्यापक विरोध का सामना करना पड़ेगा.
 
माकपा के प्रदेश सचिव डॉ सूर्यकांत मिश्रा व अन्य वामपंथी नेताओं ने भी केंद्र व राज्य सरकार के आर्थिक व औद्योगिक नीतियों की जमकर आलोचना की है. साथ ही आरएसएस की नीतियों पर भी सवाल उठाये हैं.
 
खराब स्वास्थ्य की वजह से ब्रिगेड की रैली में नहीं आ पाये कन्हैया
कोलकाता. जवाहरलाल नेहरू विश्वविद्यालय छात्र संघ के पूर्व अध्यक्ष कन्हैया कुमार खराब स्वास्थ्य की वजह से रविवार को ब्रिगेड परेड मैदान में वाममोर्चा की सभा में शामिल नहीं हो पाये. उनके एक करीबी सहयोगी ने कहा कि भाकपा के छात्र प्रकोष्ठ के नेता कन्हैया कुमार शनिवार दोपहर बाद से अपनी गर्दन की एक समस्या से पीड़ित हैं.
 
वह अपनी गर्दन को घुमा भी नहीं सकते हैं. राज्य में वामो के चैयरमैन विमान बसु ने कहा है कि कन्हैया कुमार ने ब्रिगेड सभा में शामिल होने पर सहमति जतायी थी, लेकिन अस्वस्थ होने की वजह से वह महानगर नहीं आ पाये.
 
 अंतरिम बजट चुनावी जुमला : भाकपा
कोलकाता. भाकपा महासचिव एस सुधाकर रेड्डी ने केंद्र में भाजपा की अगुवाई वाली केंद्र सरकार द्वारा पेश अंतरिम बजट को रविवार को ‘जुमला' करार दिया और केंद्र पर सभी संस्थानों को नष्ट करने के आरोप लगाये. वे महानगर में वाममोरचा की ब्रिगेड सभा में शामिल हुए थे, जहां उन्होंने कहा कि यह बजट भाजपा सरकार के अन्य वायदों की तरह ही एक जुमला है. आरोप के अनुसार भाजपा नीत केंद्र सरकार देश में सभी संस्थानों को नष्ट कर रही है.
 
संसद में जनहित से जुड़े मुद्दे नहीं उठाये जाते हैं.आगामी लोकसभा चुनाव में भाजपा को हराने का आह्वान करते हुए रेड्डी ने कहा कि केंद्र सरकार की आर्थिक नीतियों को लेकर लोगों में व्यापक असंतोष है. कथित तौर पर अल्पसंख्यकों और दलितों पर बार-बार हुए हमलों और सीबीआई, प्रवर्तन निदेशालय और रिजर्व बैंक जैसे संस्थानों के दुरुपयोग को लेकर लोगों में रोष बढ़ा है. 
 
केंद्र सरकार ने सर्वनाश किया : दीपंकर 
कोलकाता. भाकपा (माले) के महासचिव दीपकंर भट्टाचार्य ने लोकसभा चुनाव के पहले वामपंथी एकता का आह्वान करते हुए वामदलों को एकजुट होकर भाजपा और तृणमूल से मुकाबला करने का आह्वान किया. श्री भट्टाचार्य ने ब्रिगेड सभा को संबोधित करते हुए कहा कि भाजपा सरकार सिटीजनशिप एक्ट में संशोधन कर देश को मुसलमानों और हिंदुओं को बांटने की कोशिश कर रही. इसकी साजिश रची जा रही है. एनआरसी के नाम से 40 लाख लोगों को देश के निकाले की बात कही जा रही है.
 
देश में गणतांत्रिक व्यवस्था संकट में है. राज्य की स्थिति दयनीय है. चाय बागान बंद हो रहे हैं, लेकिन मुख्यमंत्री कहती हैं कि किसानों की आय बढ़ी है, लेकिन स्थिति दूसरी है. राज्य में सिंडीकेटराज चल रहा है. 2011 में तृणमूल सत्ता में आयी, तब बोला जा रहा था कि राज्य की स्थिति बदलेगी. लेकिन स्थिति नहीं बदली. उन्होंने कहा कि देेश और राज्य में परिवर्तन करना होगा.
 
उन्होंने कहा कि ब्रिगेड सभा ने साबित कर दिया है कि हम एकजुट हुए हैं. काश, 2016 में भी इस तरह से एकजुट हुए होते. उन्होंने कहा कि उनकी पार्टी वाममोर्चा के बाहर है, लेकिन पार्टी सदा ही वाम आंदोलन से जुड़ी रही है. उन्होंने कहा कि वर्तमान समय में वृहत्तर वामपंथी एकता की जरूरत है. उन्होंने कहा कि 2019 के लोकसभा चुनाव में वृहत्तर वामपंथी एकता की जरूरत है. उन्होंने कहा कि दिल्ली में सरकार नहीं चल रही है. आरोप के अनुसार देश में लोकतंत्र पर हमले हो रहे हैं और अर्थव्यवस्था चरमरा गयी है. देश की जनता इस सर्वनाश की सरकार को हटाने के लिए प्रतिबद्ध है.
 
रैली में बड़ी तादाद में दिखे ओल्ड एंड यंग वाम ब्रिगेड
कन्हैया की कमी युवाओं को खटकी 
 
वाम का तृणमूल व भाजपा पर हल्लाबोल 
 
कोलकाता. पश्चिम बंगाल कभी लाल दुर्ग के रुप में प्रसिद्ध था. लेकिन ममता बनर्जी  के ' परिवर्तन ' की आंधी में अब यह 'लाल दुर्ग' ढह गया है. ऐसे में खोई जमीन को दोबारा पाने के लिए वाममोर्चा पुरजोर कोशिश कर रहा हैं. इसकी एक झलक रविवार को ब्रिगेड सभा में दिखी. 
‘तृणमूल हटाओ राज्य बचाव और भाजपा हटाओ देश बचाव’ के नारे के साथ शुरू हुईं.
 
इस वाम महासभा में युवाओं के साथ ही बड़ी संख्या में बुर्जग भी दिखे, जिनमें से कई तो ठीक से चल भी नहीं पा रहे थे. लेकिन उनकी आंखों में पार्टी के लिए वही पुराना जोश व दमखम दिखा. पश्चिम बर्दवान जिला स्थित चित्तरंजन की 74 साल की रिटायर्ड शिक्षिका अंजली सिंह का कहना है कि वाम में मेरा प्राण बसता है. लड़खाते कदमों के संग मैं यहां तक पहुंची हूं. बस इसी आस में कि मैं रहूं या ना रहूं, लेकिन मुझे पूरा विश्वास है कि राज्य में एक बार फिर से वाममोर्चा की सरकार बनेगी.
 
आप ही देखिये क्या हालात हो गयी है राज्य की? ना कोई कल-कारखाना है ना रोजगार के अवसर. गरीब और भी गरीब हो रहे हैं. शिक्षा व्यवस्था तो एकदम लचर हो गयी है. इस तृणमूल सरकार ने शिक्षा को भी नहीं छोड़ा, इसका भी राजनीतिकरण कर दिया है.  शिक्षा के नाम पर बस पास-फेल की पढ़ाई हो रही है. ऐसे में देश का भविष्य कैसा बनेगा? इस पर विचार करने की जरूरत है. 
 
न्यू बैरकपुर के अजय घोष मजूमदार ने अपनी लाठी की ओर इशारे कहते हुए कहा : देखिए जैसे मैं इसके सहारे ब्रिगेड में पहुंचा हूं. वैसे ही इस वक्त राज्य की उन्नति निवेश पर ही निर्भर है. जो इस सरकार के रहते संभव नहीं. कन्हैया कुमार के नाम पर उमड़े युवा वर्ग थोड़े उदास नजर आये. 
 
उनमें से एक मेदिनीपुर की 30 साल की स्वपना दत्ता ने बताया कि हम युवा मन की उलझनों को, समस्याओं को सिर्फ वाम ही सुलझा सकता है, क्योंकि यहां परिवारवाद नहीं, समाजवाद है. कन्हैया कुमार इस समाजवाद की उभरती आवाज है. लेकिन अफसोस वह नहीं आये.
 
पार्टी उम्मीदवार को ढाई लाख मतों से जिताने का किया आह्वान
हल्दिया. राज्य के परिवहन व पर्यावरण मंत्री शुभेंदू अधिकारी ने कांथी से तृणमूल उम्मीदवार को ढाई लाख मतों से जिताने का आह्वान किया. गत मंगलवार को कांथी के जिस पद्मपुकुरिया स्टेशन सटे मैदान से अमित शाह ने सभा की थी वहीं से रविवार को श्री अधिकारी ने सभा कर भाजपा को हराने का आह्वान करते हुए तृणमूल उम्मीदवार को भारी मतों से जिताने के लिए जनता से कहा. श्री अधिकारी ने कहा कि नंदीग्राम में हमेशा से तृणमूल थी और तृणमूल ही रहेगी. सभा में बड़ी तादाद में लोग पहुंचे. 
 
शुभेंदू अधिकारी के अलावा मौके पर जिले के दो सांसद शिशिर अधिकारी, दिव्येंदू अधिकारी, मंत्री चंद्रिमा भट्टाचार्य, जिला सभाधिपति देवव्रत दास व अन्य मौजूद थे. श्री अधिकारी का कहना था कि 1970 से यहां वह जीत रहे हैं. 
 
1995 में ज्योति बसु के जरिए नगरपालिका चुनाव प्रचार वाममोर्चा ने कराया था. लेकिन फिर भी वाममोर्चा हार गया था. माकपा कांथी में राज्य सम्मेलन करके भी जीत न सकी. 
 
माकपा की ब्रिगेड सभा के संबंध में श्री अधिकारी का कहना था कि भाजपा को हटाने की इच्छा वाममोर्चा में नहीं दिखती. ममता बनर्जी के विरोध में माकपा, कांग्रेस व भाजपा एक हो गये हैं. ब्रिगेड की सभा न करके माकपा को चाहिए कि पार्टी के कार्यकर्ताओं पर वह नजर दें वरना राज्य में उनका साइन बोर्ड भी नहीं रहेगा.
 

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