देश में बढ़ते कोरोना संक्रमण (COVID-19 pandemic) के बीच स्कूल-कॉलेज (School Reopen) खोलने की तैयारी पूरे जोर-शोर से जारी है. कई राज्यों ने अपने यहां स्कूल-कॉलेज (School-colleges opening) खोल दिये हैं, तो कई राज्यों ने अब तक खोलने को लेकर कोई फैसला नहीं लिया है. इस बीच खबर आ रही है कि कर्नाटक सरकार ने भी नये साल की पहली तारीख से अपने यहां स्कूल-कॉलेज खोलने को लेकर फैसला ले लिया है, लेकिन इसके लिए कुछ शर्त भी लगा दिये गये हैं.
कर्नाटक सरकार ने फैसला लिया है कि 1 जनवरी से 10 वीं और 12 वीं कक्षाएं शुरू हो जाएंगी. लेकिन इसके लिए छात्रों को अपने माता-पिता से लिखित में अनुमति लेनी होगी. यह जानकारी कर्नाटक के शिक्षा मंत्री एस सुरेश कुमार ने दी. इसके अलावा सरकार ने 1 जनवरी से कक्षा 6 से 9 के लिए विद्यागम कार्यक्रम शुरू करने का भी फैसला लिया है.
राज्य में स्कूल और पीयूसी कॉलेजों को फिर से खोलने का निर्णय मुख्यमंत्री बी एस येदियुरप्पा की अध्यक्षता में हुई एक उच्च-स्तरीय बैठक में लिया गया. स्कूलों को फिर से खोलने पर कोरोना के लिए राज्य की तकनीकी सलाहकार समिति द्वारा दी गई सलाह पर लगभग एक घंटे तक विस्तार से चर्चा की गई.
15 दिन की समीक्षा के बाद खोले जाएंगे अन्य कक्षाएं
राज्य में फिलहाल 10 वीं और 12वीं के छात्रों के लिए खोला गया है, लेकिन 15 दिनों की समीक्षा के बाद अन्य कक्षाओं को भी खोल दिये जाएंगे. मुख्यमंत्री एस येदियुरप्पा ने ट्वीट करके कहा कि 15 दिन स्थिति की समीक्षा के बाद अन्य कक्षाओं के छात्रों के लिए स्कूलों को फिर से खोलने पर निर्णय लिया जाएगा.
कक्षा 10 और पीयूसी द्वितीय वर्ष, दोनों कक्षाएं महत्वपूर्ण हैं क्योंकि छात्रों को बोर्ड परीक्षा देनी है. गौरतलब है कि स्कूल और पीयू कॉलेज मार्च के बाद से बंद हैं. राज्य में डिग्री और इंजीनियरिंग कॉलेजों को 17 नवंबर को फिर से खोल दिया गया था.
posted by – arbind kumar mishra
