हरिद्वार पुलिस ने उत्तराखंड महिला कांग्रेस की प्रदेश अध्यक्ष ज्योति रौतेला और महिला कांग्रेस की प्रदेश प्रभारी सुनीता गावड़े को देर रात रास्ते में रोक दिया है. हल्द्वानी से हरिद्वार लौटते समय चिड़ियापुर में महिला कांग्रेस प्रदेश अध्यक्ष ज्योति रौतेला की गाड़ी रोक दी गई है.
अमित शाह से मिलने जा रही थी ज्योति
ज्योति रौतेला हरिद्वार में गृहमंत्री अमित शाह से मिलने जा रही थी, जहां वह उद्यमसिंहनगर में किसान सुखवंत सिंह की आत्महत्या और गिरधारी लाल साहू की ओर से बिहार की महिलाओं को दिए विवादित बयान पर गृह मंत्री अमित शाह को ज्ञापन देना चाहती है.
ज्योति रौतेला ने क्या कहा ?
उत्तराखंड महिला कांग्रेस की अध्यक्ष ज्योति रौतेला ने कहा कि उनको अमित शाह से क्यों नहीं मिलने दिया जा रहा है? इसके बारे में कोई भी अधिकारी कुछ बोलने के लिए तैयार नहीं है. हम तो बस मिलकर ज्ञापन देना चाह रहे थे, लेकिन प्रशासन ने हमें रास्ते में ही रोक दिया है. उत्तराखंड पुलिस की ओर से खबर लिखे जाने तक, इस सवाल का कोई जवाब सामने नहीं आया है.
उत्तराखंड में दो दिन के दौरे पर अमित शाह
केंद्रीय गृह और सहकारिता मंत्री अमित शाह बुधवार से उत्तराखंड के दो दिन के दौरे पर रहेंगे, इस दौरान वह हरिद्वार और ऋषिकेश में कई महत्वपूर्ण धार्मिक, सांस्कृतिक और सामाजिक कार्यक्रमों में हिस्सा लेंगे. इस दौरे को उत्तराखंड के लिए बहुत जरूरी माना जा रहा है क्योंकि यह हेल्थकेयर, आध्यात्मिकता, भारतीय संस्कृति और समाज सेवा जैसे क्षेत्रों पर फोकस करता है.
अमित शाह ऋषिकेश में एक बड़े कार्यक्रम में हिस्सा लेंगे. दोपहर 2:45 बजे, वह स्वर्गाश्रम में गीता भवन पहुंचेंगे, जहां वह मशहूर गीता प्रेस से प्रकाशित मंथली मैगजीन ‘कल्याण’ के शताब्दी संस्करण के विमोचन समारोह को संबोधित करेंगे.
गुरुवार को अमित शाह हरिद्वार जाएंगे. उनका पहला कार्यक्रम सुबह 10:00 बजे पतंजलि योगपीठ के महर्षि दयानंद ग्राम में होगा, जहां वह पतंजलि इमरजेंसी और क्रिटिकल केयर हॉस्पिटल का उद्घाटन करेंगे. इस हॉस्पिटल के उद्घाटन से क्षेत्र में हेल्थकेयर सुविधाओं को काफी मजबूती मिलने और गंभीर रूप से बीमार मरीजों को समय पर इलाज मिलने की उम्मीद है.
इसके बाद, सुबह 10:45 बजे शाह गायत्री तीर्थ शांतिकुंज पहुंचेंगे, जहां वह अखंड ज्योति पर पूजा-अर्चना करेंगे और गायत्री परिवार के सदस्यों से बातचीत करेंगे. यह दौरा राष्ट्रीय जीवन में गायत्री परिवार के आध्यात्मिक और सामाजिक प्रभाव को दिखाता है.