पिछले लगभग पांच महीनों से लद्दाख सरहद पर भारत और चीनी सेना युद्ध (India China Standoff) के मोर्चे पर तैनात नजर आ रही है. इसी बीच पूर्वी लद्दाख में भारतीय सेना के पराक्रम की नई तस्वीर सामने आयी है जिसे एएनआई ने ट्वीट किया है. पूर्वी लद्दाख में भारतीय सेना ने नए टैंक (Indian Armys T-90 Bhishma tank) तैनात किए हैं जो मौसम की सबसे गंभीर स्थिति में काम कर सकते हैं.
मेजर जनरल अरविंद कपूर ने कहा : टैंकों की तैनाती को लेकर मेजर जनरल अरविंद कपूर (चीफ ऑफ स्टाफ,14 कॉर्प्स) ने कहा कि आने वाला मौसम कठिन और सख्त क्यों न हो हमारा हर एक जवान और इक्विपमेंट अच्छी तरह से तैयार है. उन्होंने आगे कहा कि ‘फायर एंड फ्यूरी कॉर्प्स’ सिर्फ भारतीय सेना का नहीं बल्कि दुनिया भर की आर्मी का अनोखा हिस्सा है. क्रू और इक्विपमेंट की तैयारी को सुनिश्चित करने के लिए आज हमारी सभी लॉजिस्टिक तैयारियां अपनी जगह पर हैं.
जवान हर चीनी चाल का जवाब देने के लिए तैयार: पूर्वी लद्दाख में चुमार-डेमचोक क्षेत्र में वास्तविक नियंत्रण रेखा (LAC) के पास तैनात भारतीय सेना के टैंक और इंफेंट्री कॉम्बेट व्हीकल का वीडियो भी सामने आया है. इसे आप भी देख सकते हैं. वीडियो में भारतीय जवान हर चीनी चाल का जवाब देने के लिए तैयार नजर आ रहे हैं. पूर्वी लद्दाख में चीन के साथ तनातनी के बीच भारत ने दुनिया के सबसे अचूक टैंक माने जाने वाले टी-90 भीष्म टैंक (T-90 Bhishma tank) को तैनात करने का काम किया है.
टी-90 भीष्म टैंक की ताकत : आपको बता दें कि भारत और चीनी सेनाओं के बीच में एक बार फिर से बातचीत के जरिए मसले को सुलझाने का प्रयास किया जा रहा है. लेकिन भारतीय सेना के तेवर को देखकर यह लगता है कि वह किसी भी मोर्चे पर चीन के खिलाफ अपनी तैयारियों में कोई कोर कसर नहीं छोड़ना चाहती. यही वजह है कि पूर्वी लद्दाख में भारत ने दुनिया के सबसे अचूक टैंक माने जाने वाले टी-90 भीष्म टैंक को तैनात कर दिया है. टी-90 भीष्म टैंक की बात करें तो इसमें मिसाइल हमले को रोकने वाला कवच है. इसमें शक्तिशाली 1000 हॉर्स पावर का इंजन जो एक बार में 550 किमी की दूरी तय करने की क्षमता रखता है. इस टैंक का वजन 48 टन है और यह दुनिया के हल्के टैंकों में एक है. दिन हो या रात यह दुश्मन से लड़ने की क्षमता रखता है.
Posted By : Amitabh Kumar
