नयी दिल्ली : अमेरिका के विमानन नियामक फेडरल एविएशन ऑथोरिटी (एफएए) ने भारत की विमानन सुरक्षा रैंकिंग आज उन्नत कर श्रेणी-1 कर दी है.इससे भारतीय विमानन कंपनियों के लिए अपने परिचालन का अमेरिका में विस्तार करने का मार्ग प्रशस्त होगा.
उल्लेखनीय है कि एफएए ने लगभग 14 महीने पहले इस रैंकिंग को घटाकर श्रेणी-दो कर दिया था क्योंकि विमानन नियामक डीजीसीए अंतरराष्ट्रीय सुरक्षा मानकों को पूरा करने में विफल रहा था.
अमेरिका के परिवहन मंत्री एंथनी फाक्स ने यहां इसकी घोषणा की. उन्होंने कहा कि भारत ने यह दर्जा वापस पाने के लिए कठोर मेहनत की. फाक्स ने यहां नागर विमानन मंत्री अशोक गजपति राजू से मुलाकात की. इस बैठक के बाद उन्होंने कहा,’राजू के साथ सार्थक बैठक हुई हैं. मैं नागर विमानन प्रणाली में श्रेणी-1 का दर्जा हासिल करने के लिए भारत को बधाई देता हूं.
उन्होंने कहा कि यह बड़ी उपलब्धि है और भारत ने इसके लिए बीते एक साल में कठिन मेहनत की है. उन्होंने कहा कि अमेरिका भारत को यह दर्जा बनाने रखने के लिए प्रोत्साहित करता है.
एफएए की सह प्रशासक मार्गेट गिलियन ने डीजीसीए एम सत्यवति को पत्र लिखकर भारत की रैंकिंग में सुधार के बारे में सूचित किया है. राजू ने कहा ‘हम दर्जा बहाल किए जाने को लेकर प्रसन्न हैं. यह हमारी विमानन सुरक्षा के बारे में अच्छा संकेत है. इससे हमारी विमानन कंपनियों के लिए अवसर पैदा हुए हैं और उम्मीद है कि वे इसका फायदा उठाएंगी’.
