नयी दिल्ली : दिल्ली गेट के पास एक व्यक्ति ने अपने नवजात बच्चे का शव अस्पताल के बगल में एक पार्क में ही फेंक दिया. पुलिस ने जब उस व्यक्ति से पूछताछ की तो उसने बताया कि वो मजदूरी करके अपना गुजारा करता है और उसने ऐसा होने वाले खर्च से बचने के लिए किया.
लोगों की नजर पार्क में पड़े बच्चे के शव पर पड़ी तो उन्होंने पुलिस को इसकी जानकारी दी. बच्चे के हाथ पर बंधे रिबन पर मां और लोकनायक अस्पताल का नाम लिखा हुआ था जिस देख पुलिस अस्पताल पहुंच गई. इसके बाद पिता से पूछताछ की गई तो उसने बताया कि गरीबी की वजह से उसने ऐसा किया.
शुक्रवार को नीतू नाम की इस महिला ने एक मरे हुए बच्चे को जन्म दिया था. महिला के पति लाखन सिंह (45) ने पुलिस को जानकारी दी कि उसके इससे पहले ही दो बच्चे हैं और वो अपने परिवार के साथ मंडावली में रहता है और मजदूरी करके किसी तरह परिवार को चला रहा है.
नीतू को 21 दिसंबर को लाल बहादुर शास्त्री अस्पताल में भर्ती कराया गया. जिसके बाद 25 दिसंबर को वहां से लोकनायक अस्पताल में रेफर कर दिया गया. जहां पता चला कि बच्चे की जन्म से पहले ही मौत हो चुकी है.
शुक्रवार रात डॉक्टरों डिलिवरी कराने के बाद मृत बच्चे का शव लाखन सिंह को सौंप दिया था. पुलिस का कहना है कि उस व्यक्ति के खिलाफ कोई कार्रवाई नहीं की जाएगी.
