पूरे देश में क्रिसमस का त्योहार धूमधाम से मनाया जा रहा है. पूरे देश के चर्च रंग-बिरंगे साज सज्जा और रोशनियों से डूब गए हैं. क्रिसमस के मौके पर प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने लोगों को अपने ट्विटर हैंडल के माध्यम से बधाई दी है साथ ही यह दिन समाज में एकता शांति और भाईचारा बढ़ाये इसकी कामना की है.
धरती पर अवतरित हुए यीशु
कल ही परमात्मा पुत्र बालक यीशु के आगमन की तैयारी सभी चर्चों में पूरी कर ली गयी थी. चर्चों में रंग-बिरंगी रोशनी, झंडे, चरनी और क्रिसमस ट्री को आकर्षक तरीके से सजाकर प्रभु यीशु के जन्म की पहले से तैयारियां पूरी कर ली गयी. रात को 10 बजे के आसपास चर्चों में घटियां बजने पर श्रद्धालू चर्च की ओर प्रभु के पहले दर्शन पाने के लिए चल पड़ें. रात को बालक यीशु का जन्म हुआ.
यीशु के जन्म को लेकर कहा जाता है कि ईश्वर ने मदर मैरी के पास अपना संदेश वहक गैब्रियल को भेजा था. उसने मैरी को कहा कि वह ईश्वर के पुत्र को जन्म देगी. इसी के बाद अस्तबल में रात को बालक यीशु का जन्म हुआ. आज सुबह से ही चर्चों से घंटियों की आवाज आ रही है लोग मोमबत्तियां जलाकर यीशु का स्वागत करने प्रार्थना के लिए चर्च जा रहे हैं.
क्षमा और शांति का संदेश देते हैं यीशु
क्रिसमस के मौके पर धर्मगुरुओं ने प्रभु यीशु के दिए शांति और क्षमा के संदेशों को अनुयायिओं को बताया. संत मारिया चर्च में कार्डिनल तेलेस्फोर पी टोप्पो ने बताया कि क्रिसमस के दिन हम सारी दुनिया केसाथ मिलकर आनंद मनाते हैं और गीत गाते हैं क्योंकि बालक यीशु हमारे लिए ईश्वर का आर्शीवाद हैं.
उन्होंने बताया कि हम इस दुनिया कि सच्ची ज्योति के रूप में प्रभु यीशु का स्वागत करें क्योंकि वे ही मार्ग, सत्य और जीवन हैं. जिस तरह यीशु ने अपने त्याग भावना के साथ दूसरोंकेलिए अपना जीवन दान दे दिया. कार्डिनल ने यीशु की तरह पूरी मानव जाति को लोगों के दुख-सुख में मिलकर रहने का संदेश दिया.
