नयी दिल्लीः व्यापमं घोटाले में संघ के नेताओं के नाम आने के बाद संघ प्रमुख मोहन भागवत को इस मामले पर अपनी प्रतिक्रिया देनी पड़ी. उन्होंने कहा, इस मामले पर कानून अपना काम करेगा हमें घबराने की बिल्कुल जरूरत नहीं है.
गौरतलब है कि इस मामले पर संघ प्रमुख को आगे आकर बयान देने की जरूरत इसलिए पड़ी क्योंकि व्यापम घोटाले में संघ के कई नेताओं के नाम आने लगे हैं. मध्य प्रदेश के पूर्व मंत्री लक्ष्मीकांत शर्मा ने आरएसएस के पूर्व प्रमुख दिवंगत के एस सुदर्शन के कहने पर उनके सहयोगी मिहिर कुमार की सिफारिश नाप तौल इंस्पेक्टर या फ़ूड इंस्पेक्टर के पद की भर्ती मे हुई परीक्षा के लिए की थी. इस पूरे मामले पर भाजपा ने आरोपों को खारिच किया है संघ नेता राममाधवन ने भी इसे संघ को बदनाम करने की साजिश करार दिया है. मिहिर ने एसटीएफ को बताया कि वह केएस सुदर्शन के सहायक के तौर पर काम करता था फूड इंस्पेक्टर एग्जामिनेशन (2012) के अपने आवेदन फॉर्म की फोटोकॉपी सुदर्शन को दी और उनसे अपनी नौकरी के लिए गुजारिश की, उन्होंने इसके लिए तुरंत पूर्व उच्च शिक्षा मंत्री लक्ष्मीकांत शर्मा को फोन किया. लक्ष्मीकांत शर्मा ने नौकरी के लिए भरोसा दिलाया था.
