देश सांस्कृतिक राष्ट्रवाद से चलेगा, जातिवाद से नहीं : समीर उरांव

देश सांस्कृतिक राष्ट्रवाद से चलेगा, जातिवाद से नहीं : समीर उरांव

लोहरदगा़ भाजपा जिला कार्यालय में जनसंघ के संस्थापक पंडित दीनदयाल उपाध्याय के जन्म दिवस पर कार्यक्रम आयोजित किया गया़ इसमें पूर्व सांसद समीर उरांव मुख्य अतिथि थे. उन्होंने कहा कि पंडित दीनदयाल बचपन से ही कुशाग्र बुद्धि के थे. माता-पिता के स्वर्गवासी होने के बाद भी उन्होंने महान चिंतक, विचारक और संगठनकर्ता के रूप में देश के सामने अपनी पहचान बनायी. समीर उरांव ने कहा कि देश और दुनिया के विकास के लिए सभी जीवों का विकास आवश्यक है और किसी भी देश का आर्थिक मूल्यांकन करने से पहले अंतिम इकाई पर खड़े व्यक्ति का मूल्यांकन जरूरी है, जिसे पंडित जी ने अंत्योदय का सूत्र दिया. उन्होंने कहा कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी का नारा सबका साथ, सबका विकास इसी सोच का परिचायक है. उन्होंने विपक्षी दलों पर कटाक्ष करते हुए कहा कि देश सांस्कृतिक राष्ट्रवाद से चलेगा, जातिवाद से नहीं. प्रदेश कार्यसमिति सदस्य ओम सिंह ने बताया कि पंडित दीनदयाल ने प्रशासनिक परीक्षा पास करने के बाद भी अंग्रेजों की नौकरी नहीं की और देश सेवा में खुद को समर्पित कर दिया. उनका लक्ष्य देश को नयी दिशा देना था, जिस पर आज भाजपा की सरकारें केंद्र और राज्य स्तर पर काम कर रही हैं और लोगों को लाभ पहुंचा रही है. कार्यक्रम का संचालन उपाध्यक्ष अनिल उरांव ने किया और धन्यवाद ज्ञापन सामेला भगत ने किया. मौके पर अजय पंकज, जगनंदन पौराणिक, बालकृष्ण सिंह, राजकुमार वर्मा, ओम गुप्ता, मीना बाखला, अशोक साहू, नवीन साहू, नवल साहू, महाबीर साहू, विकी कुमार, विश्वजीत सहदेव, अमर भगत, मुन्नी उरांव, संजू उरांव समेत कई कार्यकर्ता उपस्थित थे.

डिस्क्लेमर: यह प्रभात खबर समाचार पत्र की ऑटोमेटेड न्यूज फीड है. इसे प्रभात खबर डॉट कॉम की टीम ने संपादित नहीं किया है

प्रभात खबर डिजिटल प्रीमियम स्टोरी

लेखक के बारे में

Digital Media Journalist having more than 2 years of experience in life & Style beat with a good eye for writing across various domains, such as tech and auto beat.

Read More

संबंधित खबरें >

यह भी पढ़ें >