25गिरिडीह18-सीएमई कार्यक्रम में उपस्थित चिकित्सक एवं अन्य. गिरिडीह. ब्लड की जरूरत व उपयोग को लेकर नेशनल एड्स कंट्रोल सोसाइटी (नाको)झारखंड ने गुरुवार को सीएमई का आयोजन किया गया. इस सीएमई का उद्घाटन नाको के सहायक निदेशक सुधीर कुमार, गिरिडीह के सिविल सर्जन डॉ शेख मोहम्मद जफरुल्ला, ब्लड बैंक के प्रभारी डॉ शोहेल अख्तर व आईइएमए के अध्यक्ष डॉ रियाज अहमद ने किया. इस दौरान ट्रेनर डॉ विभु विबोध ने ब्लड की जरूरत और उपयोगिता पर विस्तृत जानकारी दी. उन्होंने अनावश्यक ब्लड चढ़ाने पर रोक लगाने की बात करते हुए कहा कि जिनका हीमोग्लोबिन 10 ग्राम तक हो, उन्हें बेवजह ब्लड चढ़ाने की आवश्यकता नहीं होनी चाहिए. ऐसे मरीजों का ऑपरेशन किया जा सकता है. इसके अलावे पीआरबीसी ब्लड के उपयोग पर बल देते हुए कहा कि बहुत जरूरी होने पर ही होल ब्लड का इस्तेमाल किया जाना चाहिए. उन्होंने संक्रमण पर अंकुश लगाने के लिए कम से कम चार दिन पुराने डोनेट ब्लड को ही चढ़ाने की सलाह दी. मौके पर डीएस डॉ प्रदीप बैठा, डॉ रेखा झा, डॉ किरण कौशल, डॉ आरआर बरनवाल, डॉ आरआर केड़िया, डॉ मो आजाद, डॉ ज्ञान प्रकाश, डॉ अरविंद, डॉ उत्तम जालान, डॉ मनीषा जालान, डॉ विकास लाल, डॉ राजीव कुमार, डॉ श्यामल, डॉ नीरज डोकानिया, डॉ विकास केडिया समेत कई चिकित्सक मौजूद थे.
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