हृदय को स्वस्थ रखता है काजू

भारतीय समाज में जब भी सेहत की बात आती है, तो बड़े-बुजुर्ग काजू-बादाम खाने की सलाह देते हैं और यह बात काफी हद तक सही भी है. काजू न सिर्फ शरीर को स्वस्थ रखता है, बल्कि कई रोगों से भी बचाता है. काजू का प्रयोग हमेशा से भारतीय किचन में किया जाता रहा है. यह […]

भारतीय समाज में जब भी सेहत की बात आती है, तो बड़े-बुजुर्ग काजू-बादाम खाने की सलाह देते हैं और यह बात काफी हद तक सही भी है. काजू न सिर्फ शरीर को स्वस्थ रखता है, बल्कि कई रोगों से भी बचाता है.
काजू का प्रयोग हमेशा से भारतीय किचन में किया जाता रहा है. यह न सिर्फ भोजन के स्वाद को बढ़ाता है बल्कि इसे स्वास्थ्य के लिहाज से भी बेहतर माना जाता रहा है. इसमें ऐसे कई पोषक तत्व होते हैं, जो मेटाबॉलिज्म को बेहतर बनाते हैं और हृदय रोगों के खतरे को भी कम करते हैं, जिससे हृदय स्वस्थ रहता है.
ये हैं इसके फायदे
हृदय को रखता है स्वस्थ : इसमें स्वास्थ्य के लिए अच्छे फैट की प्रचुर मात्र होती है और कोलेस्ट्रोल नगण्य होता है. इससे ब्लड कोलेस्ट्रॉल कम होता है और ट्राइग्लिसराइड हृदय को स्वस्थ बनाते हैं. कुछ लोग यह मानते हैं कि फैट कम लेने से शरीर स्वस्थ रहता है, जबकि यह सही नहीं है.
हमारे शरीर को स्वस्थ रखने के लिए हर प्रकार के पोषक तत्वों की जरूरत पड़ती है और फैट भी उनमें से एक है. लेकिन फैट स्वास्थ्यवर्धक स्नेतों से आना चाहिए. काजू भी फैट का एक स्वास्थ्यवर्धक स्नेत है.
शरीर को बनाता है मजबूत : इसमें मैग्नीशियम होता है जो हड्डियों को मजबूत बनाता है, मांसपेशियों और नर्व की कार्यप्रणाली को सही रखता है. कैल्शियम को हड्डियों में सही प्रकार से अवशोषित करने के लिए हमारे शरीर को लगभग 300-750 मिलीग्राम मैग्नीशियम की भी जरूरत होती है.
ब्लड प्रेशर को करता है कंट्रोल : काजू में सोडियम कम और पोटैशियम अधिक होता है, जो ब्लड प्रेशर को नियंत्रण में रखता है. यदि शरीर में सोडियम की मात्र अधिक होती है, तो शरीर को पानी की जरूरत भी अधिक पड़ती है. इससे ब्लड की मात्र भी बढ़ती है और ब्लड प्रेशर भी बढ़ता है.
कैंसर का खतरा होता है कम : काजू में सेलेनियम और विटामिन इ जैसे एंटी ऑक्सीडेंट्स होते हैं, जो शरीर को फ्री रैडिकल्स से बचाते हैं. इससे इम्युनिटी बढ़ती है और कैंसर का खतरा कम होता है. इसमें जिंक भी होता है, जो इन्फेक्शन से बचाता है.
शारीरिक प्रक्रियाओं को रखता है सही : इसमें कॉपर की उपयुक्त मात्र होती है. यह एंजाइम की सक्रियता, हॉर्मोन के निर्माण, ब्रेन फंक्शन को सही रखने में सहायता करता है.
किन्हें खाने से बचना चाहिए
इसे कोई भी खा सकता है लेकिन जिन्हें इससे एलर्जी हो या माइग्रेन की समस्या हो उन्हें इससे बचना चाहिए. इसमें काफी कैलोरी होती है जो वजन बढ़ा सकता है. अत: मोटे लोगों को भी इसे खाने से बचना चाहिए. यदि किसी को काजू से एलर्जी हो, तो इससे उल्टी, डायरिया, स्किन रैशेज और सांस लेने में परेशानी हो सकती है. यदि ऐसी समस्या होती है, तो इसे खाना छोड़ दें और तुरंत डॉक्टर से संपर्क करें.
एक बार में कितना खाएं
यह इतना स्वादिष्ट होता है कि लोग इसे अधिक खाने से अपने आप को रोक नहीं पाते हैं. लेकिन यहां यह भी ध्यान रखना जरूरी है कि ‘अति सर्वत्र वजर्येत्’. एक दिन में इसके 5-10 दाने लेना ही स्वस्थ रहने के लिए पर्याप्त है. यह ध्यान रखें कि इसके अत्यधिक सेवन से वजन बढ़ सकता है. ऐसा माना जाता है कि काजू की तासीर गरम होती है. इसलिए इसे गरमी के दिनों में कम खाना चाहिए. चूंकि 5-10 पीस ही स्वस्थ रहने के लिए काफी हैं, इसलिए इसे किसी भी सीजन में खाया जा सकता है.
सुमिता कुमारी
डायटीशियन
डायबिटीज एंड ओबेसिटी
केयर सेंटर, पटना

प्रभात खबर डिजिटल प्रीमियम स्टोरी

लेखक के बारे में

By Prabhat Khabar Digital Desk

यह प्रभात खबर का डिजिटल न्यूज डेस्क है। इसमें प्रभात खबर के डिजिटल टीम के साथियों की रूटीन खबरें प्रकाशित होती हैं।

संबंधित खबरें >

यह भी पढ़ें >