मुंबई: मशहूर लेखक पाउलो कोल्हो ने कहा है कि यदि हॉलीवुड भेदभावकारी नहीं हो तो सुपरस्टार शाहरुख खान ‘माई नेम इज खान’ में अपने अभिनय के लिए एकेडमी पुरस्कार के लिए पात्र थे. उपन्यासकार ने इस फिल्म की 7वीं वर्षगांठ पर शाहरुख की प्रशंसा की है.
पाउलो ने लिखा है, ‘माई नेम इज खान और आई एम नॉट ए टेरेरिस्ट. इस शानदार फिल्म की सातवीं वर्षगांठ पर बधाई हो.’ ‘द एलेकेमिस्ट’ के लेखक ने अपने फेसबुक पेज का स्क्रीनशॉट भी पोस्ट किया है. फिल्म का निर्देशन करण जौहर ने किया था.
https://twitter.com/paulocoelho/status/830499053003751424
उसमें लिखा है, ‘उनकी पहली (और एकमात्र) फिल्म जिसे मैंने देखी, वह ‘माई नेम इज खान है’ (वैसे यह फिल्म वर्ष 2008 में रिलीज हुई थी.) यह फिल्म न केवल शानदार थी बल्कि शाहरुख खान ऑस्कर के हकदार थे बशर्ते हॉलीवुड में जोड़तोड़ नहीं हो.’
