UPSC Rank 65 Rakhi Success Story: हरियाणा के बहादुरगढ़ शहर की रहने वाली राखी दलाल ने यूपीएससी सिविल सर्विस में 65वीं रैंक हासिल की है. राखी की एक छोटी बेटी भी है जिसे संभालते हुए उन्होंने देश की सबसे कठिन परीक्षा को क्रैक किया है. हालांकि, राखी का ये सफर आसान नहीं था. उनकी सफलता के पीछे का संघर्ष बेहद रोचक और प्रेरणादायक है. आइन राखी की जर्नी (Rakhi Success Story) पर एक नजर डालते हैं.
Rakhi Success Story: कौन हैं राखी?
राखी बहादुरगढ़ जिले के एक बेहद साधारण परिवार से आती हैं. उनके पिता यशवंत दलाल हरियाणा सरकार में इतिहास के व्याख्याता रह चुके हैं, जबकि उनकी मां दिल्ली शिक्षा विभाग में शिक्षिका के तौर पर काम कर चुकी हैं.
राखी शुरू से पढ़ाई में काफी अव्वल रही हैं. उन्होंने देश के टॉप कॉलेजों में शामिल IIT रुड़की से पढ़ाई की है. IIT Roorkee से उन्होंने बीटेक की डिग्री बायोटेक्नोलॉजी से हासिल की है.
बैंक मैनेजर से शादी
साल 2019 में उनकी शादी चंडीगढ़ में एक बैंक मैनेजर से हुई. कम उम्र में शादी के बाद परिवार की जिम्मेदारियां भी उनके ऊपर आ गईं. साल 2021 में उन्हें एक बेटी हुई. हालांकि, इसके बावजूद राखी ने पढ़ाई करना नहीं छोड़ा.
UPSC का सपना
साल 2015 में राखी ने स्टेट बैंक ऑफ इंडिया में प्रोबेशनरी ऑफिसर (SBI PO) की परीक्षा क्रैक की थी. कुछ दिन बैंक में नौकरी करने के बाद उन्होंने UPSC का सपना पूरा करने के लिए जॉब छोड़ दिया.
UPSC में कई असफलताएं
राखी बताती हैं कि उन्हें सिविल सर्विस की कई परीक्षाओं में असफलताओं का सामना करना पड़ा. इस दौरान उनका परिवार सपोर्ट में आया और राखी को पढ़ाई जारी रखने के लिए प्रेरित किया. इसका रिजल्ट भी देखने को मिला.
इस बार अपने 5वें प्रयास में राखी ने UPSC एग्जाम को रैंक 65 के साथ क्रैक कर लिया. राखी को कुल 1007 मार्क्स मिले हैं. उन्हें लिखित परीक्षा में 817 और इंटरव्यू राउंड में 190 नंबर प्राप्त हुए हैं.
यह भी पढ़ें: रैंक 100, मार्क्स 1000, दिन में जॉब रात में पढ़ाई करके सात्विक देवता UPSC पास
